शिकायत के अनुसार कार्रवाई की जाएगी
साथ ही, औलाद की मांग पूरी होने और संपन्नता के लिए भी ऐसा किया जाता है। डीसीपी दक्षिण रवींद्र कुमार ने बताया कि मामले में विधिक तौर पर बलि के संबंध में तो कोई केस नहीं बनता। फिर भी युवती या कोई और शिकायत करता है, तो उसके अनुसार कार्रवाई की जाएगी।