उन्नाव जिले में नाबालिग चचेरे भाई-बहन के बीच नजदीकियां बढ़ने पर परिजनों ने विरोध किया। बदनामी का डर सताया तो भाई ने बहन को जहर लाकर दे दिया। जहर खाने से गंभीर बहन के भर्ती होने पर भाई ने फांसी लगा ली। पुलिस ने किशोरी का बयान लेने की बात कही है।
दही थाना क्षेत्र के एक गांव निवासी 15 वर्षीय चचेरे भाई-बहन के बीच दो सालों से गहरी नजदीकियां थीं। बहन कक्षा सात की छात्रा है, जबकि भाई कक्षा आठ में पढ़ता था। मंगलवार शाम दोनों दौड़ लगाने गए थे। रास्ते में बहन के साथ अश्लीलता करते चचेरे भाई को किसी ने देख लिया और उनके घर पर जानकारी दे दी।
किशोरी की मां ने घरवालों को उलाहना दिया तो बात और फैल गई। चचेरे भाई ने बदनामी से बचने के लिए बहन से आत्महत्या की बात कही। बुधवार सुबह लगभग आठ बजे बहन को जहर लाकर दे दिया। जहर खाने से हालत बिगड़ी तो परिजनों ने उसे जिला अस्पताल में भर्ती कराया।
इसका पता चलते ही चचेरा भाई सुबह लगभग 10 बजे घर से निकल गया और कुछ दूर पेड़ से गमछे से फांसी लगाकर जान दे दी। परिजनों ने मामले में चुप्पी साध ली लेकिन अस्पताल में भर्ती बहन ने सच बता दिया। पुलिस ने शव पोस्टमार्टम के लिए भेजा है। प्रभारी निरीक्षक राघवेंद्र सिंह ने बताया कि तहरीर नहीं मिली है।