कानपुर। कैफियत एक्सप्रेस में विजिलेंस अधिकारी बनकर टीटीई और यात्रियों पर रौब गांठ रहे लखनऊ निवासी शरद पांडेय को जीआरपी ने टूंडला के पास पकड़ा। ट्रेन के सेंट्रल पर आते ही जीआरपी ने उसे जेल भेज दिया।
रविवार को दिल्ली से आजमगढ़ जाने वाली कैफियत एक्सप्रेस में एक युवक अलीगढ़ स्टेशन से ट्रेन में सवार हुआ। आरोप है कि युवक ने खुद को विजिलेंस अधिकारी बताकर स्लीपर कोच में अपने बैठने के लिए जगह बना ली। टूंडला के पास टीटीई ने जब युवक से टिकट मांगा तो टिकट देने की बजाय वो टीटीई पर भी रौब दिखाते धमकाने लगा। टीटीई ने उसका आई कार्ड मांगा तो उसने आई कार्ड भी नहीं दिया। इसी बीच ट्रेन में चल रहा स्कार्ट वहां आ पहुंचा। इस पर जीआरपी सिपाहियों ने उस डपटा तब उसने अपनी हकीकत बताई। इसके बाद जीआरपी सिपाहियों ने कानपुर सेंट्रल पहुंचने पर युवक को थाने में उतार लिया। जीआरपी प्रभारी त्रिपुरारी पांडेय ने बताया कि युवक का नाम शरद पांडेय (26) निवासी लखनऊ है। लिखा पढ़ी कर युवक को जेल भेज दिया गया है। जबकि सिपाहियों को बधाई दी गई। निर्देश दिया गया है कि ऐसे फर्जी लोगों को अवश्य पकड़े।