यूनिट सिग्नल को डाटा में बदलती है
प्रो. बुद्धिराजा ने बताया कि दो साल की रिसर्च के बाद वायरलेस बेस स्टेशन के लिए जरूरी बेसबैंड यूनिट तैयार हो गई है। यह यूनिट टॉवर के निचले हिस्से में लगती है। इस यूनिट का काम सिग्नल को डाटा के रूप में कन्वर्ट करना होता है।
यह यूनिट जितना अच्छा काम करेगी, नेटवर्क की स्पीड व क्वालिटी उतनी बेहतर होगी। उन्होंने बताया कि टॉवर आईआईटी मद्रास ने और कोर नेटवर्क को आईआईटी बांबे ने तैयार किया है। एक सप्ताह पहले सभी तकनीक को इंटीग्रेड किया गया। फिर पिछले शनिवार को वीडियो कॉल का ट्रायल हुआ, जो पूरी तरह सफल रहा।