राजनीतिक दबाव भी डलवाया
आरोपी दोनों सगे भाई एक राजनीतिक पार्टी से जुड़े हुए हैं। इसलिए वह एसआईटी पर दबाव बनाने का भी प्रयास कर रहे थे। कई नेताओं से फोन कराया जिससे उनकी गिरफ्तारी न हो। हालांकि उच्चाधिकारियों के आदेश पर केस के विवेचक व अन्य अफसरों ने गिरफ्तारी की और जेल भेजा।
अब तक की कार्रवाई
11 केसों की विवेचना कर रही है एसआईटी
96 आरोपियों को चिह्नित किया था
22 आरोपियों की मौत चुकी है
40 को गिरफ्तार कर जेल भेज चुकी है एसआईटी
01 आरोपी की जेल में हो चुकी है मौत
34 आरोपी अब भी फरार हैं