उन्नाव। दहेज हत्या के एक मामले में कोर्ट ने पति को उम्रकैद की सजा सुनाई है। साथ ही 21 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया है। वहीं सास को सबूत के अभाव में दोषमुक्त कर दिया गया है।
सदर कोतवाली क्षेत्र में रहने वाली राजकुमारी पत्नी वीरेंद्र बहादुर सिंह ने पुत्री रोली सिंह का विवाह पंकज सिंह पुत्र सागर सिंह निवासी पटकापुर थाना कोतवाली के साथ किया था। शादी के बाद ससुरालीजन दहेज में एक लाख रुपये नगद व सोने की चेन की मांग पूरी न कर पाने पर आए दिन पुत्री रोली को मारते पीटते थे।
1 फ रवरी 2015 की सुबह पुत्री रोली के गांव के लोगों ने फ ोन करके बताया कि ससुरालीजनों ने उसकी पीटकर हत्या कर दी। फ ोन पर सूचना पाकर जब पुत्री की ससुराल पहुंचे तो उल्टा ससुरालीजनों ने अभद्रता करते हुए उन्हें जान से मारने की धमकी देकर वहां से भगा दिया।
मृतका की मां राजकुमारी की तहरीर पर पुलिस ने पति समेत तीन के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया। पुलिस ने विवेचना कर तीनों के विरुद्ध आरोपपत्र न्यायालय में दाखिल किया। मुकदमे की सुनवाई के दौरान रोली के ससुर सागर सिंह की मौत हो गई। गुरुवार को अंतिम सुनवाई के दौरान कोर्ट नं 6 के न्यायाधीश अखिलेश दुबे ने सरकारी वकील प्रेमचंद्र की दलीलों को सही मानते हुए पति पंकज सिंह को सजा सुनाई। आरोपी सास शकुंतला को दोषमुक्त कर दिया।
- सास को सबूत के अभाव में किया गया दोषमुक्त