छिबरामऊ। अधिवक्ताओं की हड़ताल के छठवें दिन उस समय टकराव की स्थिति बन गई जब वकीलों द्वारा तहसील के एक किनारे पर टेंट लगवाया गया। इसे लेकर वकीलों व एसडीएम के बीच वार्ता हुई। वकीलों ने डीएम से वार्ता का हवाला देते हुए टेंट हटाने से इनकार कर दिया।
गुरुवार को वकीलों ने जब तहसील के एक किनारे पर टेंट लगवाया तो यह अधिकारियों को रास नहीं आया। सीओ शिव कुमार थापा व प्रभारी निरीक्षक आलोक कुमार राय ने बार एसोसिएशन के अध्यक्ष जितेंद्र श्रीवास्तव जीतू व महासचिव ललित प्रताप सिंह से वार्ता कर टेंट हटाने के लिए कहा। बार अध्यक्ष ने पुलिस को बताया गया कि उनकी डीएम से वार्ता हो चुकी है। जिसके बाद वह वापस लौट गए। तभी पुलिस बल के साथ टेंट के पास एसडीएम गौरव शुक्ला पहुंच गए। वकीलों ने उन्हें भी डीएम से बात होने की जानकारी दी, इससे वह लौट गए। इस दौरान सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए गए थे। अधिवक्ताओं ने एक स्थान पर एकत्रित होकर सभा की। सभा को अध्यक्ष जितेंद्र श्रीवास्तव जीतू, पूर्व अध्यक्ष अरविंद सिंह राठौर, सुरेंद्र दीक्षित, कन्हई सिंह वर्मा, दिनेश सिंह, विपिन द्विवेदी, फहीमुज्जमा खां, जयवीर सिंह, शिव कुमार यादव घुर्रम ने संबोधित किया। अधिवक्ताओं ने कहा कि वह अपने सम्मान के साथ खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं करेंगे। अन्याय के खिलाफ इस लड़ाई को अंतिम सांस तक लड़ा जाएगा।
वकील घनश्याम यादव ने आल्हा गाकर साथियों में उत्साह भरा। इस दौरान छिबरामऊ बार एसोसिएशन के अध्यक्ष सुरेंद्र सिंह यादव, पूर्व अध्यक्ष रामचंद्र मिश्रा, राजकुमार सिंह, अशोक श्रीवास्तव, अवनींद्र यादव, देवेश शुक्ला, नेम सिंह यादव, चंद्रजीत यादव, रजनीश यादव, आशीष श्रीवास्तव, सुधाकर अग्निहोत्री, केटी मिश्रा, देवेंद्र वर्मा, चित्रांश राय सक्सेना, इबने अली, दिलीप तिवारी, रुपेश दुबे व विमलेश राजपूत सहित कई अधिवक्तागण मौजूद रहे।