झांसी। प्रधानमंत्री के प्रस्तावित कार्यक्रम को देखते हुए इन दिनों शहर के प्रमुख इलाकों की सजावट का काम जोर-शोर से चल रहा है। इस काम मेें बजट की भी कोई कमी नहीं है। शहर को संजाने-संवारने के नाम पर पीडब्ल्यूडी एवं नगर निगम करीब 10 करोड़ रुपये खर्च कर चुका, लेकिन शहर के भीतरी इलाके अभी तक बदहाल पड़े हैं। उनकी ओर कोई महकमा ध्यान नहीं दे रहा। अब स्थानीय लोग पूछ रहे हैं कि उनके इलाके की सड़कों की दशा कब सुधरेगी।
शिवाजी नगर से नारायण बाग का ढाई किलोमीटर लंबा रास्ता खस्ताहाल
शिवाजी नगर से नारायण बाग होते हुए बड़ागांव गेट बाहर से अंजनी माता मंदिर होते हुए जाने वाला करीब ढाई किमी लंबा रास्ता बेहद खराब हो चुका र्है। इस रास्ते से हजारों लोग रोजाना आते-जाते हैं लेकिन, आज तक किसी महकमे ने इसे दुरुस्त कराने की जरूरत नहीं समझी।
गणेश मढ़िया से गोलाकुआं के रास्ते में गड्ढे ही गड्ढे
गणेश मढ़िया से गोलाकुआं के बीच के रास्ते में गड्ढे ही गड्ढे हैं। सड़क खस्ताहाल होने से रोजाना ही यहां दुर्घटनाएं होती हैं लेकिन, यह सड़क भी पिछले कई सालों से नहीं बनवाई गई।
आवास विकास से संगम विहार होते हुए केके पुरी कॉलोनी
यह पूरा रास्ता भी पिछले काफी समय से खराब पड़ा हुआ है। रात में यहां का सफर खतरनाक हो जाता है। राहगीर अकसर ही दुर्घटना का शिकार हो जाते हैं। पिछले कई सालों से यह सड़क भी नहीं बनी।
खराब सड़क होने की वजह से यहां रोजाना दुर्घटनाएं होती हैं। इस ओर कोई भी ध्यान नहीं दे रहा। यह सड़क जल्द बनवाई जानी चाहिए।
वर्षा गुप्ता
- यह रास्ता बेहद खराब है। कई बार इसको बनवाने के लिए शिकायत की गई लेकिन, कोई सुनवाई नहीं हुई
आत्माराम
- इस सड़क को बनाने के लिए आईजीआरएस पोर्टल में भी शिकायत दर्ज कराई गई लेकिन, यह रास्ता नहीं बना
अमित कुमार
यह सड़क बहुत पहले बनी थी। उसके बाद आज तक इसकी मरम्मत नहीं हुई। सड़क जगह-जगह से खराब हो चुकी है। इसे जल्द ही बनवाए जाने की जरूरत है।
तुषार अग्रवाल
इस खस्ताहाल सड़क को बनवाने की कई बार मांग की गई लेकिन, आज तक यह नहीं बनी। रोजाना यहां दुर्घटनाएं होती हैं।
मो.आसिफ