हंसारी रोडवेज डिपो से रोजाना टिकट बिक्री से मिलने वाला पैसा डिपो के पास स्थित पीएनबी शाखा में जमा होता है। क्षेत्रीय प्रबंधक संतोष कुमार के मुताबिक सोमवार सुबह 10 बजे डिपो कैशियर सुनील तिवारी डिपो में तैनात प्राइवेट सुरक्षा गार्ड योगेंद्र सिंह परमार (ओम सिक्योरिटी सर्विसेज) के साथ 39,34,489 रुपये बैंक में जमा करने पहुंचे। पूरा पैसा बैंक के कैशियर मनीष कुमार को देकर सुनील लौट आए। गार्ड योगेंद्र को रसीद लाने के लिए बैंक में छोड़ दिया। कुछ देर बाद योगेंद्र कैशियर मनीष के पास पहुंचा और कहा कि अधिकारियों ने पूरी रकम जमा करने से मना कर दिया है। अब सिर्फ 11.08 लाख रुपये ही जमा होना है। यह सुनकर मनीष ने पूरा पैसा उसके हाथ में थमा दिया। योगेंद्र ने 28.34 लाख रुपये निकाले और 11.08 लाख रुपये बैंक में जमा करके चला गया।
मंगलवार सुबह बैंक से 11.08 लाख रुपये की रसीद डिपो पहुंची। यह देख रोडवेज अफसरों के होश उड़ गए। अफसर तुरंत बैंक शाखा जा पहुंचे। बैंक कैशियर मनीष से पूछने पर उसने पूरी बात बताई। डिपो अफसरों ने योगेंद्र को फोन लगाया, लेकिन उसका फोन स्विच ऑफ था। डिपो कर्मचारी योगेंद्र को तलाशते हुए उसके घर पहुंचे, लेकिन यहां उसका पता नहीं चला। उधर, 28 लाख की मोटी रकम गायब होने से रोडवेज अफसरों में खलबली मची हुई है। देर शाम रोडवेज अधिकारी प्रेमनगर थाने पहुंच गए। क्षेत्रीय प्रबंधक की ओर से आरोपी गार्ड के खिलाफ तहरीर दी गई। सीओ सदर स्नेहा तिवारी के मुताबिक रोडवेज अधिकारियों की ओर से तहरीर दी गई है। आरोपी को तलाशा जा रहा है।