झांसी। पुलिस की कमजोर पैरवी की वजह से केंद्रीय मंत्री अजय मिश्र टेनी के बेटे को जमानत मिली है। इसके अलावा केंद्र सरकार ने अब तक एमएसपी पर समिति का गठन नहीं किया है। जबकि, इसके लिए लिखित समझौता हुआ था। निजी होटल में संयुक्त किसान मोर्चा की पत्रकार वार्ता में ये बात योगेंद्र यादव ने कही।
उन्होंने कहा कि लखीमपुर हिंसा के हत्यारों को पकड़ने की बजाए उन्हें बचाया गया। कोर्ट की फटकार के बाद मंत्री के बेटे को पकड़ा। कोर्ट की जांच कहती है कि इस हत्या के पीछे षडयंत्र था। मगर मंत्री पर कोई कार्रवाई नहीं हुई। अब बेटे को जमानत भी मिल गई है। पुलिस प्रशासन ने पहले ही दिन से केस को कमजोर बनाया। उन्होंने कहा कि सरकार ने आंदोलन के दबाव में तीनों कृषि कानून वापस तो ले लिए हैं लेकिन जो वादा किया, उसको अब तक पूरा नहीं किया है। एमएसपी पर दो महीने बाद कमेटी नहीं बन पाई है। सिर्फ हरियाणा को छोड़ दें तो अन्य जगहों से किसानों पर दर्ज मुकदमे भी वापस नहीं हुए हैं। मोर्चा ने तीन फरवरी को दिल्ली में मिशन उत्तर प्रदेश की लांचिंग की है। इसके तहत मोर्चा का राष्ट्रीय नेतृत्व प्रदेश के कोने-कोने में जाकर सभा, प्रेस कांफ्रेंस कर रहा है। इस दौरान डॉ. सीनलम, विमल कुमार शर्मा ने भी विचार रखे। राधरामण वाजपेयी, श्रवण कुमार शर्मा, हीरापुरी गोस्वामी, ब्रह्मानंद पटेली, कमलाकांत शर्मा, गिरीश चंद्र खरे, कश्मीर सिंह यादव, सुरजीत सिंह, विप्पीराजा, देवेंद्र सिंह देव, सुरेशचंद्र पटेल, ओमप्रकाश माते मौजूद रहे।