झांसी। लोकमान्य तिलक टर्मिनस से गोरखपुर जा रही 02538 डाउन कुशीनगर सुपरफास्ट स्पेशल ट्रेन के एसी कोच में यात्रा कर रहे रेलकर्मी को ऑन ड्यूटी कंडक्टर ने इंचार्ज की मदद से आवश्यक कार्रवाई के लिए उरई स्टेशन पर आरपीएफ को सौंप दिया। इसके साथ झांसी स्थित वाणिज्य नियंत्रक को सूचित किया।
ट्रेन नंबर 02538 डाउन में झांसी और कानपुर के बीच झांसी स्टेशन का चेकिंग स्टाफ काम करता है। रविवार को सीटीआई बीडी गुप्ता, डिप्टी सीटीआई शशांक सिंह और टीटीई प्रमोद वर्मा ट्रेन को चेक करते हुए झांसी से कानपुर तक जा रहे थे। एसी थ्री टियर के बी थ्री से बी सिक्स तक चार बोगियों के चेकिंग की जिम्मेदारी डिप्टी सीटीआई शशांक सिंह की थी। चेकिंग करते हुए जब कंडक्टर शशांक सिंह बी थ्री के 57 नंबर बर्थ पर बैठे यात्री से टिकट मांगा तो उसने अपने को ऑनड्यूटी लोको पायलट बताते हुए भोपाल से कानुपर स्पेयर में जाने की बात कही। परिचय पत्र और यात्रा प्राधिकार पत्र मांगने पर बताया कि गार्ड डिब्बे में रखे उसके बाक्स में उसका परिचय पत्र और यात्रा प्राधिकार पत्र है। शशांक ने मोबाइल पर काल कर सीटीआई और टीटीई को बुला लिया और कथित लोको पायलट को गार्ड के पास चलने को कहा। इसपर उसने बताया कि वह बरेली जिले के थाना किला जामा मस्जिद अंतर्गत मोती महल फाटक निवासी इमरान खान (50) पुत्र नसीम खान है। वह कई वर्षों से फर्जी लोको पायलट बनकर और ड्रेस पहनकर ट्रेनों में यात्रा करता है। इसके पश्चात ट्रेन के उरई स्टेशन पर पहुंचते ही उन्होंने आरपीएफ को बुला लिया और फर्जी लोको पायलट बनकर यात्रा कर रहे इमरान खान को आरपीएफ के एएसआई लालाराम नागर को मेमो के साथ उनके सुपुर्द कर दिया।