झांसी। प्रदेश के पंचायतीराज मंत्री भूपेंद्र सिंह चौधरी ने पंचायतीराज विभाग के कार्यों की मंडलीय समीक्षा की और निर्देश दिए कि जिन पंचायत भवनों का निर्माण कार्य बकाया रह गया हो, उन्हें इसी माह पूरा कर लें। ग्रामीण क्षेत्रों में बने पंचायत भवन अक्तूबर से मिनी सचिवालय की तरह कार्य करने लगेंगे और ग्रामीणों को प्रदेश की जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ लेने के लिए परेशान नहीं होना पड़ेगा।
सोमवार को सर्किट हाउस में समीक्षा के दौरान पंचायतीराज मंत्री ने सामुदायिक शौचालय निर्माण, आपरेशन कायाकल्प के अंतर्गत कराए गए कार्यों, हैंडपंप रीबोर और मरम्मत, केंद्र और राज्य सरकार से मिले पैसे से गुणवत्तापूर्वक कार्य कराने के निर्देश दिए। विधायक गरौठा जवाहर लाल राजपूत ने क्षेत्र में हैंडपंप रीबोर करने में कर्मचारियों की लापरवाही के बारे में बताया। इस पर उन्होंने जिला पंचायतराज अधिकारी को निर्देश दिए कि क्षेत्र में निरीक्षण कर रिपोर्ट विधायक को उपलब्ध कराएं। जिला पंचायत राज अधिकारी जेआर गौतम ने विभिन्न निर्माण कार्यों को एलबम के जरिये बताया। मुख्य विकास अधिकारी शैलेष कुमार ने प्रत्येक विकासखंड स्तर पर मिनी स्टेडियम बनाने के बारे में बताया। उन्होंने जिला पंचायत के अपर मुख्य अधिकारियों को निर्देश दिए कि जिला पंचायत की आय बढ़ाएं। क्षेत्र में व्यावसायिक गतिविधियों को बढ़ावा दें, जिससे आय बढ़ेगी।
बैठक में जिला पंचायत अध्यक्ष पवन कुमार गौतम, उपनिदेशक पंचायत, तीनों जिलों के जिला पंचायत राज अधिकारी, एडीओ पंचायत, अपर मुख्य अधिकारी आदि मौजूद रहे।
ग्राम भोजला में पंचायत भवन देखा
पंचायतीराज मंत्री भूपेंद्र सिंह चौधरी ने ग्राम भोजला में बने पंचायत भवन का निरीक्षण किया। स्वयं सहायता समूह की महिलाओं से बात की। सामुदायिक शौचालय के संचालक के लिए महिलाओं के कार्यों की सराहना की। हेल्थ एंड वेलनेस सेंटर का निरीक्षण किया और सामुदायिक शौचालय के पास पौधरोपण किया। इस मौके पर विधायक राजीव सिंह पारीछा, बिहारी लाल आर्य, जिला विकास अधिकारी सुनील कुमार आदि मौजूद रहे।