इस पर झगड़ा बढ़ता चला गया। राम सिंह ने रेखा को पीटना शुरू कर दिया। गुस्से में रेखा ने भी वहां पड़े पत्थर को उठाकर राम सिंह के सिर पर दे मारा। इससे राम सिंह घायल होकर गिर पड़ा। क्योंकि राम सिंह शराब के नशे में था लिहाजा वह विरोध भी नहीं कर पा रहा था। इसके बाद रेखा रसोई से चाकू उठा लाई और उसके चेहरे पर कई वार करके उसे घायल कर दिया। राम सिंह खून से लथपथ होकर वहीं गिर पड़ा।
घर से थोड़ी ही दूर में रेखा के सास-ससुर भी रहते हैं। रेखा रोते-बिखलते उनके पास पहुंची। बदमाशों के घर में घुसकर राम सिंह को घायल कर देने की बात कही। यह सुनकर परिवार के लोग भागकर घर पहुंचे। घायल राम सिंह को लेकर मेडिकल कॉलेज पहुंचे। जहां उपचार के दौरान उसकी मौत हो गई। एसपी (आए) नैपाल सिंह, सीओ गठौरा समेत पुलिस बल भदरवारा स्थित उसके घर पहुंचा। पुलिस ने छानबीन शुरू की। सीओ आभा सिंह के मुताबिक पूछताछ में रेखा ने बताया कि पति के अवैध संबंधों की वजह से दोनों का विवाद होता था। अपना जुर्म कबूल कर लिया। उसकी निशानदेही पर पुलिस ने आला कत्ल समेत अन्य वस्तुएं बरामद कर ली हैं।
पुलिस से बचने को पत्नी ने गढ़ी झूठी कहानी
रेखा ने पुलिस को बताया कि राम सिंह की हालत नाजुक देखकर वह डर गई थी। पुलिस से बचने की खातिर उसने तुरंत एक झूठी कहानी रचकर लोगों को सुना दी। पुलिस के सामने भी उसने यही कहानी दुहराई। पति के साथ विवाद की बात उसने किसी से नहीं बताई। रेखा ने पुलिस को बताया कि आधी रात कुछ बदमाश दीवार फांदकर घर के भीतर घुस आए। उसे बंधक बनाकर रस्सी से बांध दिया और राम सिंह पर चाकू से कई वार किया। पुलिस को उसकी इस कहानी पर शुरू से शक हो गया था। जब उसने छानबीन शुरू की तब रेखा का झूठ अधिक देर तक टिक नहीं सका।
दूसरी पत्नी को घर लाने की बात पर होता था विवाद
रेखा का पति राम सिंह के साथ अक्सर विवाद होता था। रेखा ने पुलिस को बताया कि राम सिंह का एक महिला से अवैध संबंध था। राम सिंह कई दिनों से रेखा को घर से निकालकर उस महिला को घर में लाने की धमकी देता था। इसी बात को लेकर दोनों के बीच अक्सर झगड़ा भी होता था। परिजनों से पूछताछ में भी पुलिस को यह बात मालूम चली।