सूर्योपासना का महापर्व छठ सोमवार से नहाय-खाय के साथ शुरू हो गया। व्रती महिलाओं ने स्नान के बाद छठ व्रत का संकल्प लिया। पूरे दिन उपवास के बाद पूजन कर चावल के साथ लौकी की सब्जी का प्रसाद ग्रहण किया। वहीं, पूजा की तैयारियों को लेकर बाजारों में भीड़ बढ़ने लगी है। ओलदगंज से कोतवाली मार्ग पर पूरे दिन भीषण जाम लगा रहा। वहीं, महिलाएं और उनके परिवार के लोग फल, सूप, दौरी खरीदते नजर आए। घाटों के किनारे छठ पूजा के लिए महिलाएं वेदी बनाने में जुटी रहीं। छठ पर्व के दूसरे दिन खरना पूजा पर महिलाएं गुड़ की खीर और पूड़ी का भोग लगाएंगी।
दीपावली के बाद से छठ पूजा का उल्लास छाया हुआ है। पूजा के लिए नई साड़ी, कपड़े व अन्य सामानों की खरीदारी हो रही है तो घाटों की साफ सफाई भी जोरों पर है। शहर के ज्यादातर घाटों की सफाई का कार्य लगभग पूरा हो चुका है। नगर पालिका प्रशासन जेसीबी लगाकर गोमती नदी के तट पर समतलीकरण का कार्य कराया। जेसीबी से विसर्जन घाट, बजरंग घाट, गोपी घाट, अचला देवी, चकप्यार अली घाट आदि जगहों पर प्रशासन व नगर पालिका की तरफ से साफ-सफाई कराई जा रही है। साथ नदी में किनारे बास-बल्लियां लगाई जाएगी, जिससे श्रद्धालु नदी में ज्यादा गहराई में न प्रवेश करें। इसके साथ ही घाटों के किनारे प्रकाश के लिए लाइट का प्रबंध कराया जाएगा। दस नवंबर की शाम व 11 नवंबर को सुबह नदी के किनारे प्रकाश के साथ ही साफ-सफाई की व्यवस्था प्रशासन करेगा। ईओ संतोष मिश्र ने कहा कि छठ पूजा को लेकर साफ-सफाई की व्यवस्था पूरी की जा रही है। ---