जौनपुर। रक्षा बंधन पर्व पर भाई की कलाई पर राखी बांधने में बहनों को आने-जाने में दिक्कत का सामना नहीं करना पड़ेगा। इसके लिए परिवन निगम ने विशेष व्यवस्था की है। बहनों के लिए शुक्रवार की रात 12 बजे से शनिवार की रात 12 बजे तक बसों का संचालन फ्री कर दिया है।
जौनपुर डिपो से डिपो से 85 बसों का संचालन किया जाता था, लेकिन कोरोना के कारण 17 बसें निदेशालय में सरेंडर हैं। इस समय 68 बसों का संचालन हो रहा है, जो लखनऊ, प्रयागराज, सुल्तानपुर, वाराणसी, आजमगढ़, गोरखपुर, मिर्जापुर व शाहगंज आदि स्थानों के लिए चलाई जाती है। इसके अलावा बहनों के लिए 25 विशेष बसों का संचालन विभिन्न रूटों पर कराने का निर्णय लिया है। इस दौरान एक-एक बसें राजेपुर, नहौरा, पतरही, हिसामपुर, थानागद्दी, पटैला, कंधी गांव से भी होकर बसें गंतव्य को जाएंगी। ताकि, ग्रामीण इलाकों से भी बहनों को आने-जाने में दिक्कतों का सामना न करना पड़े। साथ ही शुरुआत की कुछ बसों में मॉस्क और राखी वितरण भी परिवहन निगम और प्रशासन की ओर से किया जाएगा। एआरएम विजय कुमार श्रीवास्तव ने बताया कि बहनों के लिए 25 विशेष बसों की व्यवस्था की गई है।
चांदी की राखियां भी हैं बाजार में, 300 से शुरू
जौनपुर। भाई-बहनों के प्रेम का प्रतीक 22 त्योहार को मनने वाले रक्षाबंधन के लिए हर ओर राखी और मिठाइयों की दुकानें सज गईं हैं। इस बार सराफा की दुकानों पर चांदी की राखियां भी बहनों को लुभा रहीं हैं। इनकी कीमत 310 रुपये से लेकर 900 रुपये तक है । सिद्धि विनायक ज्वेलर्स के सूरज सोनी बताते हैं कि इस बार तीन तरह की चांदी युक्त राखियां आई हैं। इनमें सबसे सस्ती 310 रुपये की राखी है, जिसमें 4 ग्राम के चांदी का ठप्पा लगा हुआ है, जो रेशम के धागे में होगी। जबकि 400 रुपये में 6 ग्राम की राखी दी जाएगी, जो ब्रेसलेट की तरह होगी और उसमें हुक लगा होगा। इसी तरह 900 रुपये की एक राखी आई है, जो करीब 13 ग्राम की है। इस ब्रेसलेट नुमा राखी में बहनें अपनी इच्छानुसार नाम भी लिखवा सकती हैं
जेल में राखी बांधने आने वाले बहनों को ऐसे मिलेगी छूट
जौनपुर। जिला जेल में हर बार की तरह इस बार भी बहनें राखी बांधने जाएंगी। हालांकि उन्हें इस बार जेल प्रशासन के कुछ नियमों का पालन करना होगा। जेलर कुलदीप सिंह भदौरिया ने बताया कि अभी कोई निर्देश नहीं आया है। हालांकि 72 घंटे के अंदर आरटीसीपी कराने के बाद कोरोना निगेटिव रिपोर्ट दिखानी होगी।