मछलीशहर/गभिरन। बारिश के चलते अलग-अलग स्थानों पर पशुशाला की कच्चे मकान ढह गए, जिसके मलबे में दबने से एक वृद्ध और दो पशुओं की मौत हो गई है। वहीं खुटहन थाना क्षेत्र में तेज हवा के साथ हुई भारी बारिश के कारण चार अलग - अलग गांवों में कच्चे मकान जमींदोज हो गया, जिसमे एक वृद्धा घायल हो गयी। वहीं मलबे में दबकर एक गाय की मौत हो गई।
जहांसापुर (कोढ़ा) गांव निवासी हरीलाल (65) बृहस्पतिवार की शाम अपने पशुओं को पशुशाला में बांधने गए थे। इसी दौरान पशुशाला की कच्ची दीवार ढह गई, जिसके मलबे में वह दब गए। आनन-फानन में परिवार के लोग एंबुलेंस से स्थानीय सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र ले आए। जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। इस संबंध में कोतवाल दिनेश प्रकाश पांडेय ने बताया कि सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा है। दूसरी घटना शुक्रवार की भोर में ताजुद्दीनपुर ग्राम सभा के ख्वाजापुर में हीरालाल के यहां हुई। जहां पशुशाला की दीवार के नीचे दबने से एक भैंस एक बछड़ा की मौत हो गई है। सुबह मौके पर ग्राम प्रधान हरीलाल यादव पहुंचे। जिन्होंने लेखपाल व पशु चिकित्सक को मौके पर बुलाकर पशुओं का पोस्टमार्टम करवाया। जिसके बाद लिखा पढ़ी करवाकर परिवार को आर्थिक सहायता दिलाने की कवायद शुरू करवाई। इस संबंध में तहसीलदार सुदर्शन राम का कहना है कि जानकारी प्राप्त हुई हैं। दैवीय आपदा कोष से मृतक व्यक्ति के आश्रित को 4 लाख रुपये दिए जाएंगे। रिपोर्ट स्वीकृति के लिए भेज दी गई है।
खुटहन थाना क्षेत्र में बनुआडीह गांव निवासी रमेश चंद्र दूबे स्वजनों संग मकान में सोये हुए थे। तभी बाहर की दीवार गिरने की आवाज सुनाई दी। सभी लोग बाहर भागे। इसी दौरान मलबा गिरने से दुर्गावती देवी घायल हो गई। उनको उपचार के लिए शाहगंज के एक निजी चिकित्सालय में भर्ती कराया गया है। पीड़ित परिवार अपने पड़ोसी रामनायण दूबे के घर में शरण लिए हुए हैं। जमालुद्दीनपुर गांव निवासी शोभनाथ के पशुशाला की दीवार रात में ढह गई, जिसमें दबकर खूटे से बंधी गाय की मौत हो गई। नगवां गांव के गंगा प्रसाद तिवारी तथा शेरपुर गांव निवासी रामजीत तिवारी का भी मकान ढह गया। वही हैदरपुर में भारत हरिजन ,भोला हरिजन,रामबचन हरिजन प्राकृतिक आपदा में लाखों के गृहस्थी के सामान की क्षति का अनुमान है। उधर जफराबाद थाना क्षेत्र के रायपुर गांव निवासी जिलेदार निषाद पुत्र लालजी निषाद का मकान बारिश के कारण गिर गया, जिससे उसमें रखे लाखों रूपये के गृहस्थी का सामान दबकर नष्ट हो गया।