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बैंड, बाजा, बरात ... सब पर पड़ी है अबकी महंगाई की मार

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जौनपुर। शादी का दौर शुरू हो गया है। लेकिन, इस बार महंगाई सिर चढ़कर बोल रही है। हालांकि मध्यम और निम्न आय वर्ग के लोग हाथ दबाकर खर्च कर रहे हैं। क्योंकि हर सामान पहले की तुलना में काफी महंगे हो चुके हैं।
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शादियों के लिए विवाह स्थल के साथ ही तमाम तरह की बुकिंग हो चुकी हैं। कहीं एडवांस लिया गया है। कहीं पूरा भुगतान जमा करा लिया गया है। मौजूदा हालातों को देख कर शादी वाले घर के लोग निश्चिंत हैं। उनको मेहमानों की संख्या में अधिक सख्ती नजर नहीं आ रही। हालांकि महंगाई से जरूर चिंतित हैं। क्योंकि कै टरिंग से लेकर फोटोग्राफी तक सब महंगा हो गया है। नारायण गुप्ता और बुद्धि प्रकाश बताते हैं कि पांच साल पहले 10 हजार से 12 हजार रुपये में लोग फोटोग्राफी और वीडियोग्राफी कराते थे, लेकिन, अब 20 हजार रुपये के नीचे आर्डर नहीं लिया जा रहा है। बीते सीजन में जो दावत 400 रुपये प्लेट में बुक हो रही थी, इस बार 500 रुपये दाम हैं। इसमें भी तमाम तरह की बंदिशें हैं। शर्त है कि मेहमानों की संख्या 300 से कम होने पर भी भुगतान पूरा करना होगा।
रवि मोदनवाल कहना है कि सबसे ज्यादा महंगाई ईंधन पर है। कॉमर्शियल सिलेंडर 25 फीसदी तक महंगा हो गया है। चीनी, सूखे मेवे के साथ ही लेबर खर्च में भी वृद्धि हो गई है। महेंद्र गौतम बताते हैं कि 15 आदमियों के बैंड पार्टी के लिए कम से कम तीस हजार रुपये की मांग की जाती है। इसमें भी सीमित सेवाएं दी जा रही है। दो घंटे के तय समय में ही सभी कार्य करने की शर्त रखी जा रही है। यदि आदमियों की संख्या ज्यादा चाहिए, वर्दी स्टाइलिश हो तो इसके लिए डिमांड दोगुनी से ज्यादा हो मांग की जा रही है। जितेंद्र बताते हैं कि स्टील का दाम बढ़ने से आलमारी की कीमत बढ़ी है। पिछले साल 70 रुपये का किलो स्टील आज 110 किलो में है, जिससे चार हजार की आलमारी सात हजार में बिक रही है। सोफा पहले 15 हजार आज 17 हजार है, जबकि सामान्य प्लास्टिक की कुर्सी पहले 250 में मिलती थी, लेकिन, अब 350 मिल रही है। वहीं, सबसे कम कीमत की लोई (रजाई) पहले 600 में मिलती थी, लेकिन 700 रुपये के नीचे नहीं है। संजय कुमार बताते हैं कि टेंट में पहले जहां सामान्य शादी में 40 हजार में जनरेटर, टेंट, कुर्सी, चारपाई, बर्तन, व्हॉइट हाउस आदि को मिलाकर लगता था। लेकिन, आज वही 60 हजार लग रहे हैं। इतना ही नहीं, हलवाई भी 500 लोगों की शादी में 10 हजार लेता था, लेकिन, अब इतने ही लोगों का 15 हजार रुपये तक की मांग कर रहा है। राज कुमार पटवा का कहना है कि दूल्हे का मौर कम से कम 250 रुपये में बिक रहा है।
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