उरई। रक्षाबंधन के बाद त्योहारों की धूम रहेगी। कृष्ण जन्माष्टमी, शिक्षक दिवस, नवरात्र, दशहरा, ईद, दीपावली, बाल दिवस और क्रिसमस जैसे पर्व मनाए जाएंगे। इन त्योहारों को अपने घर-परिवार और समुदाय के बीच मनाने की परंपरा है। पर कोरोना के चलते इसमें विशेष सावधानी बरतने के साथ ही कुछ जरूरी बदलाव की भी जरूरत है ताकि त्योहारों का रंग आगे भी पूरी तरह से बरकरार रहे। लोगों को कोरोना की संभावित तीसरी लहर से भी बचाया जा सके। इसके लिए जरूरी है कि अगर आप 18 साल से अधिक आयु के सभी लोग टीकाकरण जरूर कराए। साथ ही कोरोना गाइडलाइन का भी पालन करें।
जिला प्रतिरक्षण अधिकारी डॉ संजीव प्रभाकर का कहना है कि रक्षाबंधन पर बहने भाई की कलाई पर राखी जरूर बांधे। पर कोविड के अनुरूप व्यवहार का पूरा ख्याल रखे। इस दौरान वह मास्क का इस्तेमाल तो करें ही साथ ही राखी बांधने से पहले साबुन, पानी से हाथों की सफाई करना या सैनिटाइज करना कतई न भूलें। रक्षाबंधन पर यात्रा के दौरान भी खास सतर्कता बरतें। कोशिश करें कि इस दौरान छोटे बच्चों को साथ लेकर लंबी यात्रा न करें। इसी तरह श्रीकृष्ण जन्माष्टमी व नवरात्र पर भी पूजा पंडालों में न जाकर घर पर ही पूजा-पाठ को प्राथमिकता देना चाहिए। घर पर बनी वस्तुओं से खुशियां बांटें, मिठाइयों और पकवानों के लिए प्रसिद्घ इन त्योहारों पर इस बार घर पर ही इसे बनाएं।