उरई। रेप पीड़िता (किशोरी) पुलिस की लापरवाही की वजह से मेडिकल परीक्षण के लिए शनिवार को देर रात तक परेशान हुई। इस मामले की शिकायत जब जिलाधिकारी प्रियंका निरंजन से की गई तो वह भी मेडिकल कालेज पहुंच गई। इसके बाद उन्होंने पूरे मामले की जानकारी की और अधिकारियों को दिशा-निर्देश दिए। इसके बाद पीड़िता का मेडिकल हुआ।
चुर्खी थाना क्षेत्र के एक गांव निवासी युवक ने थाना पुलिस को तहरीर देते हुए बताया कि एक जून को पप्पू कुशवाहा निवासी सोहरापुर चुर्खी ने उसके घर में घुसकर 13 वर्षीय पुत्री के साथ दुष्कर्म किया। जब वह मामले की शिकायत करने पहुंचा तो आरोपी ने जान से मारने की धमकी दी। पुलिस ने दुष्कर्म की रिपोर्ट दर्ज कर आरोपी की तलाश शुरू कर दी है। इसी मामले में शनिवार को दुष्कर्म पीड़िता का परीक्षण कराने के लिए पुलिस उरई पहुंची थी।
पुलिस किशोरी को लेकर सीधे मेडिकल कालेज पहुंच गई। मेडिकल कालेज की ओर से उसका डाक्टरी परीक्षण करने से इनकार कर दिया। मेडिकल कालेज प्रशासन ने कहा कि वह इसके लिए अधिकृत नहीं हैं। इस तरह के मामलों की जांच जिला अस्पताल में की जाती है। देर रात में यह मामला जिलाधिकारी तक पहुंचा। वह कालपी में समाधान दिवस में भाग लेकर लौट रहीं थीं। इस कारण वहां से वह सीधे मेडिकल कालेज पहुंचीं। उन्होंने पूरे मामले की जानकारी ली। मेडिकल प्रशासन ने उन्हें पूरे मामले से अवगत कराया। उसके बाद उन्होंने सभी संबंधित पक्षों को जरूरी निर्देश दिए।