उरई। मेडिकल कालेज में लैब कर्मी और प्रबंधन के बीच विवाद थमता नजर नहीं आ रहा है। वेतन न मिलने से नाराज तीन लैब कर्मियों का इस्तीफा प्रबंधन की ओर से स्वीकार कर लिया गया है। अब लैब कर्मी लिखा पढ़ी में कार्य मुक्त किए जाने की मांग पर अड़े हैं।
मेडिकल कालेज के लैब कर्मियों ने बुधवार को जिला पंचायत अध्यक्ष घनश्याम अनुरागी के आवास पर जाकर समस्या बताई थी। जिला पंचायत अध्यक्ष की पहल पर कालेज प्रबंधन ने कर्मियों के इस्तीफे स्वीकार कर लिए है। हालांकि कर्मियों का आरोप है कि उनका बकाया वेतन नहीं दिया गया और न ही उन्हें लिखा पढ़ी में कार्यमुक्त किया जा रहा है। वहीं मेडिकल कालेज प्रबंधन का कहना था कि लैब कर्मियों ने कोरोना काल में जांच में लापरवाही की थी। जिस पर कार्रवाई के तहत ही उनका वेतन रोका गया था। इस संदर्भ में मेडिकल कालेज प्राचार्य डी नाथ का कहना है कि जब इस्तीफा स्वीकार होना ही कार्य मुक्त होना है। यदि इसके लिए किसी तरह की लिखा पढ़ी का आवश्यकता होगी तो उसे भी पूरा करा दिया जाएगा। बता दें कि पूरे मामले में सबसे पहले कर्मियों ने सीएम पोर्टल पर प्रबंधन की शिकायत की थी। इसके बाद एक महिला कर्मी उत्पीड़न का आरोप लगाते हुए अचेत भी हो गई थी। जिसे वहीं वार्ड में भर्ती भी कराया गया था।