उरई। पीएचसी कुठौंद भी अब आयुष्मान भारत योजना में शामिल हो गई है। पीएचसी कुठौंद मंडल की पहली पीएचसी है, जो इस योजना में शामिल हुई है। सीएमओ डॉ एनडी शर्मा ने बताया कि आयुष्मान योजना में जनपद में कुल 16 अस्पताल पंजीकृत हैं। इनमें 11 राजकीय और छह निजी अस्पताल हैं।
उन्होंने बताया कि झांसी मंडल के अन्य जनपदों में झांसी में कुल 33 अस्पताल इस योजना के अंतर्गत पंजीकृत हैं जिसमें 13 राजकीय अस्पताल और 18 निजी अस्पताल हैं। दो अस्पताल भारत सरकार के अधीन हैं। ललितपुर में कुल 14 अस्पताल आयुष्मान योजना के अंतर्गत पंजीकृत हैं जिसमें सात निजी अस्पताल और सात शासकीय हैं। अब उरई में कुठौंद पीएचसी पंजीकृत होने के बाद मरीजों को उपचार की सुविधा सुलभ हो सकेगी। आयुष्मान
भारत योजना के डिस्ट्रिक्ट प्रोग्राम कोऑर्डिनेटर (डीपीसी) डॉ. आशीष झा ने बताया कि कुठौंद के बाद अब पीएचसी डकोर को भी योजना से जोड़ने का काम शुरू कर दिया जाएगा। अब तक कुल 11 राजकीय और पांच निजी अस्पताल इस योजना में शामिल हो चुके हैं। दो अन्य निजी अस्पताल पंजीकरण की प्रक्रिया में हैं। शासकीय
चिकित्सालयों में मेडिकल कॉलेज, जिला अस्पताल, महिला अस्पताल, सीएचसी कालपी, कदौरा, कोंच, जालौन, माधौगढ़, रामपुरा और नदीगांव के साथ अब पीएचसी कुठौंद है। निजी चिकित्सालय में नेत्र ज्योति अस्पताल, कान्हा मल्टीस्पेशलिटी हॉस्पिटल, सिंह हेल्थकेयर, किलकारी मेडिकल सेंटर एवं नारायण नेत्रालय प्रमुख हैं।
आयुष्मान भारत योजना में सबसे अधिक लाभर्थियों को उपचार की सुविधा दिलाने के लिए दो अस्पतालों को प्रशस्ति पत्र दिया जाएगा। राजकीय चिकित्सालय में गत वर्ष सबसे अधिक सीएचसी नदीगांव और निजी अस्पतालों में कान्हा मल्टी स्पेशलिटी हॉस्पिटल ने सबसे अधिक मरीजो का पंजीकरण किया है। गत वर्ष सीएचसी नदीगांव में
122 मरीजों का उपचार किया गया था। सीएमओ ने बताया कि जिले में अब तक कुल 11 हजार 543 मरीजों का योजना में उपचार हुआ है। प्रदेश के निजी अस्पतालों में 7253 व राजकीय चिकित्सालयों में 3913 का उपचार अभी तक निशुल्क हुआ है। जिले के 55 प्रतिशत परिवारों तक आयुष्मान कार्ड पहुंच चुका है। अब तक जनपद में
157031 आयुष्मान कार्ड बनाये जा चुके हैं। जबकि 58186 परिवारों में कम से कम एक आयुष्मान कार्ड बनाया जा चुका है। जनपद में कुल एक लाख पांच हजार 42 लाभार्थी परिवार आयुष्मान योजना में शामिल हैं।