उरई। हाईवे पर लावारिस खड़ी स्कार्पियो में चालक का शव मिलने से हड़कंप मच गया। शव गाड़ी की पिछली सीट पर पड़ा था और सिर से गोली आरपार थी। सूचना मिलते ही उरई कोतवाली पुलिस और एएसपी के साथ स्वाट व फोरेंसिक टीम भी पहुंच गई। पुलिस के मुताबिक युवक जालौन निवासी कास्मेटिक व्यापारी अजीत सिंह की स्कार्पियो बुुकिंग पर चलाता था। पहले तो पुलिस किसी बुकिंग के चक्कर में हुई हत्या का संदेह कर रही थी पर मौके पर पहुंचे युवक के भाई ने पुराने विवाद का हवाला देकर अजीत पर ही हत्या का आरोप लगाया। पुलिस ने भाई की तहरीर पर अजीत व उसके अज्ञात साथियों के खिलाफ हत्या का मामला दर्ज किया है। एएसपी डॉ अवधेश सिंह का कहना है कि मामले की जांच की जा रही है, वारदात गाड़ी मालिक ने की या फिर बुकिंग की किसी सवारी ने जल्द ही इसका भी पता चल जाएगा।
बता दें कि जालौन कोतवाली क्षेत्र के मोहल्ला चुर्खीबाल निवासी महेंद्र दोहरे उर्फ छोटू (36) पुत्र रामसहाय मंगलवार सुबह घर से स्कार्पियो लेकर यह कहते हुए निकला था कि बुकिंग पर जा रहा है। दोपहर करीब एक बजे कानपुर झांसी हाईवे पर बड़ागांव व कैथेरी के बीच किनारे संदिग्ध हालात में खड़ी स्कार्पियो पर जब लोगों को शक हुआ तो उन्होंने झांककर देखा तो उनके होश उड़ गए। शव की पिछली सीट पर युवक का लहूलुहान शव पड़ा था। सूचना मिलते ही पुलिस और अधिकारी मौके पर पहुंच गए। गाड़ी के दरवाजे पूरी तरह से बंद नहीं थे। महेंद्र की जेब से गाड़ी की चाबी, मोबाइल, आधार कार्ड, ड्राइविंग लाइसेंस भी मिला है।
महेंद्र के सिर पर पीछे से मारी गई गोली मारी गई जो कि सिर के साथ स्कार्पियो के शीशे को चीरते हुए सड़क पर जा गिरी। अनुमान लगाया जा रहा है कि गोली पिछली सीट पर बैठने वाले लोगों ने मारी होगी और फिर शव को भी ड्राइविंग सीट से उठाकर पीछे की सीट पर डाला गया है। महेंद्र का चेहरा भी कपड़े से ढका हुआ था। मृतक के भाई सुशील दोहरे का आरोप है कि पांच दिन पूर्व ही महेंद्र का अपने मालिक अजीत से किसी बात पर विवाद हुआ था, जिस पर वह नौकरी छोड़कर चला आया था। मंगलवार को ही अजीत ने महेंद्र को मनाकर दोबारा बुकिंग पर भेजा था। भाई के मुताबिक अजीत ने ही अपने साथियों के साथ मिलकर महेंद्र की हत्या की है। एएसपी का कहना है कि फिलहाल शक के आधार पर (बाइस्ता) हत्या की रिपोर्ट दर्ज कर ली गई है। मामले की जांच पड़ताल की जा रही है।
मृतक महेंद्र की फाइल फोटो- फोटो : ORAI