सिरसाकलार (जालौन)। दशहरे पर शस्त्र पूजन के दौरान प्रधान के हाथों चली बंदूक की गोली से बुजुर्ग किसान की मौत हो गई। इससे शस्त्र समारोह में हड़कंप मच गया। प्रधान समेत समारोह में शामिल लोग इधर-उधर भाग गए। सूचना पाकर पुलिस भी मौके पर पहुंच गई। गंभीर हालत में किसान को जिला अस्पताल लाया गया। जहां पर किसान को मृत घोषित कर दिया गया। किसान के बेटे ने प्रधान व उसके पिता पर हत्या का आरोप लगाते हुए तहरीर दी है। सीओ विजय आनंद का कहना है कि प्रथम दृष्टया माममा हादसे का ही लग रहा है। पर दोनों आरोपियों के खिलाफ हत्या की रिपोर्ट दर्ज कर जांच की जा रही है। फरार आरोपियों की तलाश में दबिश भी दी जा रही है।
थाना क्षेत्र के गांव गंधेला में शुक्रवार की रात वीर सिंह के आवास के बाहर शस्त्र पूजन का कार्यक्रम चल रहा था। पुलिस ने बताया कि प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक कार्यक्रम के दौरान ही गांव के प्रधान संजय सिंह ने वीर सिंह की बंदूक से फायर कर दिया। गोली समारोह में मौजूद गांव निवासी किसान लक्ष्मीकांत श्रीवास्तव के सीधे पेट में जा लगी और वे लहूलुहान होकर गिर पड़े। यह देख अफरातफरी मच गई और समारोह में मौजूद लोग भाग खड़े हुए। कुछ देर बाद पुलिस भी मौके पर पहुंच गई। तब तक एक जिला पंचायत सदस्य की गाड़ी से लक्ष्मीकांत को जिला अस्पताल लाया गया। जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। पत्नी निर्मला देवी का रो रोकर बुरा हाल है। लक्ष्मी के चार बेटे हैं जो दिल्ली में ही रहते हैं। सूचना पाकर दिल्ली से लौटे बेटे अतुल ने बताया कि माता और पिता गंधेला गांव में ही रहते थे। जबकि वे लोग दिल्ली में प्रापर्टी का काम करते हैं। बेटे का आरोप है कि प्रधान व उसके पिता जसवंत उनके परिवार से रंजिश मानते थे। अक्सर पिता को धमकाते थे। इसलिए प्रधान ने ही गोली मारकर पिता की हत्या की है। पुलिस ने घटनास्थल से वीर सिंह की बंदूक भी बरामद कर ली है। सीओ का कहना है कि बेटे की तहरीर पर प्रधान व उसके पिता के खिलाफ हत्या व धमकाने का मामला दर्ज किया गया है। मामले के हर एक बिंदु की जांच की जाएगी। रंजिश चुनावी है या कुछ और यह भी पता लगाया जाएगा। सीओ के मुताबिक ग्रामीणों ने बताया कि प्रधान भाजपा समर्थित है। मौके से काले रंग की भाजपा का झंडा लगी स्कार्पियो भी मिली है। जिसकी जांच की जा रही है।