हाथरस के चंदपा-बघना मार्ग की बदहाली से त्रस्त होकर ग्रामीणों का लोकसभा चुनाव बहिष्कार के साथ दूसरे दिन धरना-प्रदर्शन जारी रहा। ग्रामीणों ने 17 दिसंबर को बघना मार्ग पर जाम लगा दिया। ग्रामीणों ने जन प्रतिनिधियों के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। ग्रामीणों ने जनप्रतिनिधियों पर अपने कार्यालयों पर नहीं मिलने का भी आरोप लगाया। ग्रामीणों ने आगरा-अलीगढ़ राष्ट्रीय राजमार्ग पर भी जाम लगाने की चेतावनी दी। धरने को लेकर खुफिया तंत्र भी सक्रिय रहा।
क्षेत्र की जनता सड़क की बदहाली से बहुत परेशान है। आगामी लोकसभा चुनाव और जनप्रतिनिधियों का पूर्ण रूप से बहिष्कार किया जायेगा। अगर सड़क निर्माण नहीं हुआ तो जनप्रतिनिधियों को क्षेत्र में घुसने नही दिया जायेगा। सभी विधायक खोखला आश्वासन देते है। कोई भी क्षेत्र की जनता के लिए काम करने के लिए तैयार नहीं है। अगर सड़क निर्माण नहीं हुआ तो जैसे बघना मार्ग पर जाम लगाया है। उसी तरह से आगरा अलीगढ़ राजमार्ग पर जाम लगाने के लिए क्षेत्र की जनता बाध्य हो जायेगी। -देवेंद्र सिंह, क्षेत्रवासी
बदहाल सड़क मार्ग से लगभग दो दर्जन गांव जुड़े हुए हैं। आसपास के एक दर्जन से अधिक गांव धरना प्रदर्शन के समर्थन में खड़े हुए हैं। जिनमें लगभग 25000 वोटर हैं। जो समस्या का समाधान नहीं होने पर पूर्ण रूप से आगामी लोकसभा चुनाव का बहिष्कार करेगें। मौजूदा समय में सत्ताधारी पार्टी के सभी विधायक और सांसद हैं। क्षेत्र की जनता ने सांसद और विधायकों के साथ चुनाव के समय जन लगाकर मेहनत की और चुनाव के समय जनता को समस्या समाधान का आश्वासन दिया गया। लेकिन अभी तक हालत जस के तस हैं। -शिवकुमार, क्षेत्रवासी