17 नवंबर की शाम चार बजे के लगभग हाथरस के मोहल्ला होली गेट निवासी गनेशी लाल का 17 वर्षीय पुत्र विश्वनाथ अपने दोस्तों के साथ कहीं घूमने गया था। देर रात जब वह वापस नहीं लौटा, तो उसके पिता ने दोस्तों से उसके बारे में जानकारी की, तो वह ठीक से जवाब नहीं दे पाए।
एक किशोर बेहोशी की हालत में खेत में पड़ा मिला। उसे बुरी तरह से घायल अवस्था में आगरा ले जाया गया, जहां उसका उपचार चल रहा है। पुलिस मामले की जांच में जुट गई है।
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17 नवंबर की शाम चार बजे के लगभग हाथरस के मोहल्ला होली गेट निवासी गनेशी लाल का 17 वर्षीय पुत्र विश्वनाथ अपने दोस्तों के साथ कहीं घूमने गया था। देर रात जब वह वापस नहीं लौटा, तो उसके पिता ने दोस्तों से उसके बारे में जानकारी की, तो वह ठीक से जवाब नहीं दे पाए। परिजन रात भर उसे तलाशते रहे।
18 नवंबर की सुबह नगला मेवा निवासी उसका एक दोस्त कोचिंग के लिए कस्बा में पढ़ने आ रहा था। उसने विश्वनाथ को खेत में बेहोशी हालत में पड़ा देखा, जिसे लेकर वह उसके परिजनों के पास आया। परिजन पहले उसे लेकर कोतवाली आए, इसके बाद उसकी गंभीर हालत को देखते हुए आगरा ले गए, जहां उसका इलाज चल रहा है। विश्वनाथ के पिता का कहना है कि होश आने के बाद ही उससे पूछताछ करने के बाद ही आगे की लिए कोई कार्रवाई करूंगा। पुलिस भी मामले की जांच में जुट गई है।