कोतवाली हाथरस गेट क्षेत्र के गांव से 17 दिनों से लापता अनुसूचित जाति की युवती के पिता पर 29 नवंबर शाम हमला किया गया। इसमें हुई फायरिंग में एक गोली उनके दाहिने बाजू से पार हो गई। परिवार ने बेटी को ले जाने वाले युवक और उसके परिजनों के साथ अन्य साथियों पर जानलेवा हमले का आरोप लगाया है। पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज कर हमलावरों की तलाश शुरू कर दी है।
इगलास रोड स्थित गांव के रहने वाले अनुसूचित जाति के व्यक्ति ने 13 नवंबर को कोतवाली हाथरस गेट में बेटी को बहला-फुसला कर ले जाने की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। आरोप था कि 11 नवंबर की रात दीपक उसे बहला-फुसला कर ले गया था। बेटी घर से जेवर भी ले गई थी। पुलिस युवती की तलाश में जुटी थी कि इस बीच शनिवार की शाम को लड़की के पिता पर जानलेवा हो गया।
29 नवंबर शाम लगभग साढ़े सात बजे वे शहर से गांव लौट रहे थे। साथ में उनके भाई भी थे। रास्ते में गांव के निकट उन्होंने देखा कि दो बाइकों पर पांच लोग बैठे हैं। इनमें से एक ने उन पर फायरिंग कर दी। गोली उनके दाहिने बाजू से पार हो गई और वे सड़क पर गिर गए। घटना की जानकारी पर कोतवाली हाथरस गेट व सीओ सिटी योगेंद्र कृष्ण नारायण मौके पर पहुंचे तथा छानबीन की। घायल व्यक्ति को जिला अस्पताल लाया गया, जहां प्राथमिक उपचार के बाद परिजन उन्हें अलीगढ़ के जेएन मेडिकल कॉलेज ले गए।
हाथरस गेट कोतवाली में घायल की पत्नी की तहरीर पर जानलेवा हमले व एससी-एसटी एक्ट में रिपोर्ट दर्ज कराई गई है। घायल का आरोप है कि बेटी को ले जाने वाले युवक दीपक, उसके भाई कलुआ व पिता पप्पू ने दो अज्ञात लोगों के साथ मिलकर हमला किया है।
पांच लोगों पर जानलेवा हमले का आरोप है, जिनमें तीन नामजद हैं। मामले की छानबीन की जा रही है। हमलावरों की तलाश की जा रही है। जांच में जो तथ्य प्रकाश में आएंगे, उसके अनुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी।-योगेंद्र कृष्ण नारायण, सीओ सिटी।