हाथरस में स्वास्थ्य केंद्रों पर 16 तरह की जांच करने के लिए हेल्थ एटीएम लगाने की योजना दो साल बाद भी एक कदम आगे नहीं सरक पाई है। जिले में 16 एटीएम लगाए जाने थे, तीन ही लग पाए। इनमें भी दो शुरू होने के एक माह बाद से ही बंद पड़े हैं। एक हेल्थ एटीएम सात दिन पहले शुरू हो पाया है।
साल 2022 में प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र बामौली, आरती और टिकारी में हेल्थ एटीएम लगाए गए थे। एक माह तक इन्होंने काम किया, लेकिन इसके बाद ये खराब हो गए। इसमें बड़ी समस्या इन्हें चलाने वाले ऑपरेटर नहीं होने से आई। बामौली में सात दिन पहले लैब तकनीशियन की तैनाती हुई तो उसने आकर एटीएम चालू किया। आरती और टिकारी पर ये अभी भी बंद पड़े हैं। बामौली के हेल्थ एटीएम के चालू होने से यह भी साफ हो गया कि इसमें कोई बड़ी खामी नहीं थी, संचालन से संबंधित समस्या थी। लोगों का कहना है कि स्थानीय स्टाफ को प्रशिक्षण देकर इन्हें चलाया जा सकता है।
इन सीएचसी व पीएचसी पर लगाए जाने थे हेल्थ एटीएम
सीएचसी सादाबाद, सीएचसी सिकंदराराऊ, सीएचसी सासनी, सीएचसी मुरसान, सीएचसी सहपऊ, सीएचसी हसायन, सीएचसी महौ, सीएचसी कुरसंडा, पीएचसी बिसावर, पीएचसी टिकारी, पीएचसी चंदपा, पीएचसी हाथरस जंक्शन, पीएचसी महमूदपुर, पीएचसी नगला वीर सहाय, पीएचसी मानिकपुर, नगरीय पीएचसी मधुगढ़ी।
ये जांचें होनी हैं हेल्थ एटीएम से
हेल्थ एटीएम से ब्लड प्रेशर, शुगर, वजन, लंबाई, शरीर का तापमान, शरीर में ऑक्सीजन की मात्रा, बॉडी मास इंडेक्स, बॉडी फैट, डिहाइड्रेशन, पल्स रेट आदि करीब 16 तरह की जांच होनी थी। उनकी रिपोर्ट भी तत्काल मिलनी थी।
हेल्थ एटीएम जब से लगा है, तब से ही यह बंद पड़ा है। कभी कहा जाता है कि ऑपरेटर नहीं है, कभी कोई तकनीकी समस्या बता दी जाती है।-ललित शर्मा निवासी गांव खोंडा।
2022 में हेल्थ एटीएम लगा था, लेकिन अभी तक कोई सुविधा नहीं मिली है। जब से लगा है, सिर्फ खड़ा हुआ है।-वीरपाल सिंह, टिकारी।
दोनों हेल्थ एटीएम के बारे में जानकारी ली जाएगी। अगर बंद पड़े हैं, तो चालू कराए जाएंगे।-मंजीत सिंह, सीएमओ।