हरदोई। डेंगू का कहर किसी से छिपा नहीं है। पिछले दो माह में बड़ी संख्या में डेंगू के मरीज मिले और इस माह के 21 दिन में ही डेंगू के कुल मरीजों के सापेक्ष 45 फीसदी मरीज मिले। कई मौतें भी हो चुकी हैं लेकिन जिला मलेरिया अधिकारी जितेंद्र यादव साफ तौर पर कहते हैं कि डेंगू से जिले में अब तक एक भी मौत नहीं हुई है। उन्होंने बताया कि किसी की भी डेंगू से मौत की सूचना पर अधिकारी संबंधित व्यक्ति के बारे में जानकारी जुटाते हैं, तो पता चलता है कि अन्य वजहों से उसकी मौत हुई है।
केस-1- शाहाबाद कस्बे के मोहल्ला अल्हापुर सैय्यदखेल निवासी गंगाराम सत्यार्थी (52) अधिवक्ता थे। बुखार आने पर परिजन उन्हें शाहजहांपुर के एक प्राइवेट अस्पताल ले गए। उक्त अस्पताल में सात नवंबर को गंगाराम के डेंगू से पीड़ित होने की पुष्टि हुई। 12 नवंबर को उपचार के दौरान बरेली के एक अस्पताल में उनकी मौत हो गई।
केस-2- शाहाबाद कस्बे के मोहल्ला गढ़ी खुर्द निवासी गिरीश सैनी (58) को 24 अक्टूबर को तेज बुखार आया था। परिजन उसे शाहाबाद सीएचसी ले गए। लाभ न मिलने पर परिजनों ने शाहजहांपुर के प्राइवेट अस्पताल में भर्ती कराया। 27 अक्टूबर को डेंगू की पुष्टि हुई और दो नवंबर को गिरीश की मौत हो गई।
केस-3- सांडी के गंजरी गांव निवासी रामरहीस कोटेदार था। बुखार आने पर पांच नवंबर को परिजनों ने शहर के बावन मार्ग स्थित एक अस्पताल में दिखाया था। छह दिसंबर को जांच में डेंगू की पुष्टि होने और हालत बिगड़ने पर परिजनों ने उसे लखनऊ के एक प्राइवेट अस्पताल में भर्ती कराया। वहां उपचार के दौरान उसकी मौत हो गई।
स्क्रब टायफस का एक, डेेंगू के आठ मरीज मिले
हरदोई। जिले में आठ मरीजों की जांच में डेंगू की पुष्टि हुई है। इसके अलावा स्क्रब टायफस का भी एक रोगी मिला है।
जिले में चार महीने से डेंगू लगातार कहर बरपा रहा है। जिला अस्पताल की पैथोलॉजी में प्रतिदिन 10 मरीज मिल रहे हैं। मंगलवार को पैथोलॉजी में 175 मरीजों के रक्त के नमूने लिए गए। जिसमें डेंगू के लिए 83 और मलेरिया के 70 और स्क्रब टायफस के लिए तीन मरीजों की जांच की गई। पैथालॉजी के सूत्रों के अनुसार देर शाम आठ मरीजों की जांच में डेंगू की पुष्टि हुई है। लैब टेक्नीशियन कुलदीप सिंह ने देव ने बताया दो सप्ताह से डेंगू के मरीजों की संख्या में कमी आ रही है। (संवाद)