हरदोई। हरदोई-बावन-सवायजपुर राजमार्ग पर न्योरा देव गांव के पास स्थित जर्जर पुलिया का एक हिस्सा बारिश में धंस गया। भारी वाहनों के आवागमन से यहां हादसा की आशंका बढ़ गई है। क्षेत्र के लोगों ने बताया कि जिम्मेदारों की लापरवाही से नई पुलिया का काम धीमी गति से हो रहा है। इस कारण यहां हादसे की आशंका है।
लोगों ने बताया कि हरदोई-बावन-सवायजपुर राजमार्ग पर न्योरादेव गांव के पास स्थित पुलिया पहले से जर्जर थी, लेकिन बारिश में इसका एक हिस्सा धंस गया। एक तरफ की दीवार भी टूट कर नीचे गिर गई। मार्ग पर भारी वाहनों का आवागमन अधिक रहता है, इसलिए पुलिया टूटने के बाद हादसों की आशंका बढ़ गई है। यही नहीं आम राहगीरों व छोटे वाहनों को भी पुलिया टूटी होने के कारण परेशानी का सामना करना पड़ता है।
आसपास कोई संकेतक नहीं है। इस कारण रात के समय सही अंदाजा न लगने के कारण कई लोग चोटिल हो चुके हैं। इतना होने के बाद भी पीडब्लूडी विभाग के जिम्मेदार इस पर कोई ध्यान नहीं दे रहे हैं।
क्षेत्र के रामभजन, देवीदीन, उमेश व विश्वजीत आदि ने बताया कि पुलिया जर्जर होने पर यहां पास ही नई पुलिया का निर्माण कराया जा चुका है, लेकिन आस पास पत्थर आदि डाल कर एप्रोच बनाने का काम आगे नहीं बढ़ सका। लंबे समय से यहां आस पास निर्माण सामग्री फैली पड़ी है, जिससे आवागमन भी प्रभावित होता है।
क्षेत्र के लोगों ने नई बनाई गई पुलिया को जल्द से जल्द आवागमन के लिए खोले जाने की मांग की है। पीडब्ल्यूडी निर्माण खंड प्रथम के अधिशासी अभियंता हरदयाल अहिरवार ने बताया नई पुलिया के निर्माण का काम पूरा हो गया है। एप्रोच बनवाकर जल्द ही इसे सामान्य यातायात के लिए खोल दिया जाएगा।
नौ सालों बाद पुलिया अधूरी
वर्ष 2012 में हरदोई-बावन-सवायजपुर मार्ग का सुदृढ़ीकरण का कार्य कराया गया था। सड़क के सुदृढ़ीकरण का काम पूरा हो गया, लेकिन यहां न्यौरा देव गांव के पास स्थित पुलिया के निर्माण कार्य में जमकर लापरवाही बरती गई। पुलिया का निर्माण तो नौ साल में जैसे तैसे करा लिया गया, लेकिन एप्रोच न बन पाने के कारण अब तक उसे आवागमन के लिए बहाल नहीं किया जा सका।