हरदोई। गर्रा नदी की बाढ़ जिले में तबाही का सबब बन गई है। जनपद की पांचों तहसीलें इस बाढ़ की जद में आई हैं। आपदा नियंत्रण विभाग के मुताबिक गर्रा और गंगा नदी में बाढ़ के कारण जनपद के 99 गांव प्रभावित हैं। सिर्फ रविवार को ही बाढ़ के कारण लगभग दस हजार की आबादी प्रभावित हुई है। लगभग 4100 हेक्टेयर फसलें भी बाढ़ के पानी में रविवार को डूब गईं।
शाहाबाद तहसील क्षेत्र के 24, सदर तहसील क्षेत्र के 23, बिलग्राम के 32, सवायजपुर के 16 और संडीला के चार राजस्व गांव बाढ़ की जद में हैं। बीते दिनों आई बाढ़ के आंकड़े जोड़ लें तो लगभग 52 हजार की आबादी जिले में बाढ़ से प्रभावित हो चुकी है। प्रशासन का दावा है के दस मोटरबोट और छह नाव चल रही हैं। गर्रा नदी का जल स्तर केंद्रीय जल आयोग की सांडी साइट पर 130.59 मीटर दर्ज किया गया। यह चेतावनी बिंदु से 129.15 मीटर से ज्यादा है। गर्रा का अधिकतम बिंदु 130.74 मीटर है। इस लिहाज से देखा जाए तो गर्रा अपने अधिकतम बिंदु से महज 15 सेंटीमीटर दूर है।
सांडी में गर्रा का जल स्तर बढ़ने के कारण पानी गांव में और मुख्य मार्गाें पर तेजी से बह रहा है। कई स्थानों पर सड़क कटना शुरू हो गई है। मलबा अखबेलपुर के मजरा चुन्नीपुरवा के 44 परिवारों को गांव से निकालकर सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया गया है। यहां एसडीएम और सीओ की मौजूदगी में क्षेत्रीय विधायक प्रभाष कुमार ने बाढ़ राहत सामग्री वितरित की। बाढ़ प्रभावित परिवारों को तिलमई खेड़ा में स्थित प्राथमिक विद्यालय में पहुंचाया गया है। इसके अलावा अलियापुर, रसूलपुर एमा, के पास गर्रा नदी का पानी ज्यादा फैल गया है। पानी सांडी से छिबरामऊ मार्ग पर बहकर पक्षी विहार की दहर झील पर पहुंचने लगा है।
पाली में पाली थाना क्षेत्र के कहार कोला, बाबरपुर समेत लगभग बीस से अधिक गांवों के लोगों की दुश्वारियां बढ़ती जा रही हैं। परेली गांव में चार परिवार घर में पानी घुस जाने के कारण सड़क पर आ गए हैं। इनमें संतोष, सुमन, किशनपाल और गया प्रसाद के परिवार शामिल हैं। कहार कोला के मुख्य मार्ग पर भी जलभराव है और यहां ग्रामीणों को नाव व स्टीमर से आवागमन करना पड़ रहा है। परेली गांव में काफी अंदर तक पानी भर गया है। यहां मुख्य मार्ग पर स्थित दुकानों में भी पानी भरा है। पाली शाहाबाद के मुख्य मार्ग पर बरगदिया पुलिया के पास पहले से कटी पुलिया और ज्यादा कट गई है। रविवार को सवायजपुर विधायक माधवेंद्र प्रताप सिंह रानू ने बाबरपुर और उमरिया गांव पहुंचकर बाढ़ का जायजा लिया। सवायजपुर के एसडीएम मयंक टुंडू और शाहाबाद के एसडीएम अंकित तिवारी ने बताया कि बाढ़ प्रभावित लोगों को हर संभव मदद दी जा रही है।
शाहाबाद में शाहाबाद कोतवाली क्षेत्र के सुहागपुर असुआ, उमरिया धनी, कालागाढ़ा, ख्वाजीपुर, सेउढ़ापुर आदि गांवों में पानी भर गया है। कालागाढ़ा गांव में पूरब की गलियों तक मकानों के बाहर पानी भरा है। लोगों को नाव से आवागमन करना पड़ रहा है। एसडीएम अंकित तिवारी का दावा है कि राजस्व अधिकारियों की तैनाती के साथ ही मेडिकल टीम को भी लगाया गया है।
बिलग्राम में बिलग्राम में गंगा का जल स्तर बढ़ने से परेशानी भी बढ़ गई है। नदी के किनारे स्थित घासीरामपुरवा, निहालपुरवा, शेखनपुरवा, नोखेपुरवा, मक्कूपुरवा आदि के ग्रामीण पानी न घटने के कारण परेशान हैं। इस इलाके में लगभग एक माह से गंगा में बाढ़ होने के कारण ग्रामीण परेशानियों का सामना कर रहे हैं।