हरदोई। अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश (विशेष न्यायाधीश पाक्सो एक्ट) दीपक यादव ने भतीजी से दुष्कर्म के मामले में दोषी फूफा को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। मामले में एक लाख रुपये का जुर्माना भी लगाया गया है। इसकी आधी रकम पीड़िता को देने के आदेश दिए हैं।
विशेष लोक अभियोजक मनीष कुमार श्रीवास्तव ने बताया कि संडीला कस्बा निवासी एक व्यक्ति ने एक अगस्त 2019 को संडीला कोतवाली में रिपोर्ट दर्ज कराई थी। इसमें बताया था कि संभूखेड़ा निवासी गुड्डू उसका बहनोई है। 28 मई 2019 को गुड्डू अपनी पत्नी के साथ उसके घर आया था।
इसी दौरान गुड्डू ने उसकी पुत्री के साथ दुष्कर्म किया और उसे धमकी देकर किसी को कुछ न बताने के लिए कहा। इसके बाद आए दिन गुड्डू दुष्कर्म करता रहा। इस बीच किशोरी गर्भवती हो गई, तो गुड्डू ने उसे गर्भपात की दवा खिला दी।
इस दवा से किशोरी की हालत बिगड़ गई और गर्भपात हो गया। 24 जुलाई 2019 को पीड़िता की मां ने जब पूछताछ की तो घटना का पता चला। इसके बाद मामले की रिपोर्ट दर्ज की गई। न्यायाधीश ने पूरे मामले की सुनवाई कर आरोपी को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। आदेश में न्यायाधीश ने स्पष्ट किया है कि आजीवन कारावास का मतलब आरोपी के पूरे जीवनकाल के लिए जेल में रहने से है।