फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

ओपीडी में चिकित्सक मरीजों को लिख रहे बाहर की दवाएं

विज्ञापन
जिला अस्पताल की ओपीडी में चिकित्सक कक्ष के बाहर लगी मरीजों की भीड़। संवाद - फोटो : HARDOI
विज्ञापन
हरदोई। जिला अस्पताल में अव्यवस्था बढ़ती जा रही है। ओपीडी में आने वाले मरीजों को चिकित्सक अस्पताल के पर्चों पर बाहरी दवाएं लिख रहे हैं। दवा काउंटरों पर पहुंचने पर मरीजों को कम दवाएं देकर टरकाया जा रहा है। जिससे मरीज मेडिकल स्टोरों से महंगी दवाएं लेने पर मजबूर हैं।
विज्ञापन

सर्दी का प्रकोप बढ़ने लगा है। ऐसे में जिला अस्पताल में सर्दी, जुकाम, खांसी के मरीजों की संख्या बढ़ रही है। ओपीडी में प्रतिदिन औसतन 1000 मरीज परामर्श लेने पहुंच रहे हैं। आलम यह है कि ओपीडी में चिकित्सक मरीजों के पर्चों पर बाहरी दवाएं लिख रहे हैं। मरीज चिकित्सक की लिखी महंगी दवाएं मेडिकल स्टोरों से खरीद रहे हैं। अस्पताल प्रशासन इससे अंजान है।
मेडिकल कॉलेज की प्राचार्या डॉ. वाणी गुप्ता ने बताया कि ओपीडी में पर्याप्त मात्रा में दवाएं उपलब्ध हैं। इसके बावजूद अगर मरीजों को बाहर की दवाएं लिखी जा रहीं है तो इसकी जानकारी कर कार्रवाई की जाएगी।
विज्ञापन

मरीजों ने बताई समस्या
बेहटागोकुल थाना क्षेत्र के ग्राम अटवा असिगांव निवासी सुनीता ने बताया कि उनके शरीर में गांठ है। वह ओपीडी में चिकित्सक को दिखाने आईं हैं। बताया कि चिकित्सक ने उनके पर्चे पर चार दवाएं लिखीं। इसके साथ पर्चे के पीछे मेडिकल स्टोर की दवाएं लिख दीं। मजबूरन वह 200 रुपये खर्च कर मेडिकल स्टोर से दवाएं लेकर जाएंगी।
बघौली के ग्राम गंगापुर निवासी अनीता ने बताया कि उसे टाइफाइड है। वह ओपीडी में चिकित्सक के पास दवा लेने आईं थीं। चिकित्सक ने उनके पर्चे पर पांच दवाएं लिखकर दीं, जब वह काउंटर पर दवा लेने पहुंचीं तो कर्मचारी ने उसे दो दवाएं देकर टरका दिया।
टड़ियावां के ग्राम कोटपुरवा निवासी मुनेश्वर ने बताया कि उसकी बेटी आरती पेट दर्द से परेशान है। वह ओपीडी में चिकित्सक के पास परामर्श लेने आया था। चिकित्सक ने पर्चे पर दवाएं खिलकर दीं, काउंटर पर उसे कम दवा दी गईं। जिस पर उसने मजबूरन मेडिकल स्टोर से दवाएं खरीदीं।
शहर के बोर्डिंग हाउस निवासी उत्तम ने बताया कि उसकी बेटी सृष्टी के कान में दर्द होता है। मंगलवार को उसे ओपीडी में ईएनटी सर्जन को दिखाने लाया। चिकित्सक ने पर्चे पर दवाएं लिखकर दीं। काउंटर पर तैनात कर्मचारियों ने पर्चे पर निशान लगाकर दवाएं न होने की बात कहकर एक सीरप देकर चलता कर दिया।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें