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सीएचसी में अल्ट्रासाउंड के लिए दो सप्ताह का इंतजार

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सीएचसी में अल्ट्रासाउंड के लिए दो सप्ताह का इंतजार
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हापुड़। गढ़ रोड सीएचसी के अल्ट्रासाउंड केंद्र पर इन दिनों लंबी लाइन लगी रहती है। गर्भवती महिलाओं, मरीजों को दस दिन बाद की तिथि दी जा रही है। पूरे दिन में विभाग के दो रेडियोलॉजिस्ट सिर्फ 25 से 30 अल्ट्रासाउंड ही कर पा रहे हैं। मजबूरन मरीजों को प्राइवेट अस्पतालों का सहारा लेना पड़ रहा है।
जिले की 20 लाख आबादी के लिए स्वास्थ्य विभाग के पास सिर्फ 12 साल पुरानी एक अल्ट्रासाउंड मशीन है। प्राइवेट अस्पतालों में महंगे अल्ट्रासाउंड होने के कारण बड़ी संख्या में गरीब वर्ग के मरीज यहां आते हैं। लेकिन लाइन लंबी होने के कारण इन्हें मायूस ही लौटना पड़ रहा है।
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गर्भवती महिलाओं का प्रसव से पहले चिकित्सक अल्ट्रासाउंड कराते हैं, ताकि गर्भ में बच्चे और पानी की स्थिति का जायजा लिया जा सके। सीएचसी में रोजाना 30 से अधिक गर्भवती महिलाएं पहुंचती हैं, इनमें सबसे पहले आने वाली 10 रोगियों को अगले दस दिन बाद की तिथि दे दी जाती है।
आश्चर्य की बात यह है कि जिन महिलाओं के प्रसव का समय चल रहा है, उन्हें भी अगले 10 दिन की तारीख दी जा रही है। मजबूरी में निजी अस्पतालों में ही भर्ती होना पड़ रहा है।
33 करोड़ के जिला अस्पताल में नहीं शुरू हो सकी सुविधा
दस्तोई रोड पर करीब 33 करोड़ रुपये की लागत से जिला अस्पताल बनाया गया है। लेकिन इस अस्पताल में अल्ट्रासाउंड, सिटी स्कैन तक की सुविधा नहीं हैं। ऐसे में सभी मरीज एक मात्र सेंटर की ओर दौड़ रहे हैं।
प्रसव का समय पूरा, नहीं हुआ अल्ट्रासाउंड
गर्भ का दसवां महीना चल रहा है, चिकित्सक ने अल्ट्रासाउंड कराने की सलाह दी है। सेंटर आने पर अलगे दस दिन बाद की तारीख दी गई है, जबकि रिपोर्ट आज ही चिकित्सक को दिखानी है। --द्रक्षा, पिलखुवा।--फोटो संख्या--22
अल्ट्रासाउंड के लिए मिली 10 दिन बाद की तारीख
केंद्र पर आने वाले सभी मरीजों को दस दिन बाद की तारीख दी जा रही है। भले ही किसी को इमरजेंसी हो, इस समस्या पर अधिकारी ध्यान नहीं दे रहे हैं। मजबूरी में निजी केंद्रों पर जाना पड़ रहा है।--राखी, झंडा।--फोटो संख्या-23
10 दिन बाद जांच कराकर क्या फायदा
गर्भ संबंधी जांच के लिए अस्पताल आयी हूं, लेकिन अल्ट्रासाउंड सेंटर पर दस दिन बाद की तारीख दी गई है। समस्या आज है, दस दिन बाद जांच कराने से क्या फायदा होगा। जबकि सेंटर खाली ही पड़ा है।--शीतल, रघुनाथपुर।--फोटो संख्या--24
गलत बना दी रिपोर्ट
रीढ़ की हड्डी में दर्द से परेशान हूं, अल्ट्रासाउंड भी कराना था। लेकिन दस दिन बाद की तिथि दिए जाने पर एक्सरे कराने चली गई। वहां चिकित्सक को बताया भी, लेकिन रीढ़ के बजाय सीने का एक्सरे कर दिया। --सोनिका, रघुनाथपुर।--फोटो संख्या-21
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-अल्ट्रासाउंड मशीन की भेजी डिमांड-
अल्ट्रासाउंड मशीन की डिमांड शासन को भेज दी गई है। विभाग के पास सिर्फ एक ही मशीन है, जो करीब 12 साल पुरानी है। मरीजों को परेशानी न हो, इसका पूरा ध्यान रखा जा रहा है।--डॉ रेखा शर्मा, सीएमओ।
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