चुनाव में वाहन नहीं दिए तो पंजीकरण होंगे निरस्त
हापुड़। विधानसभा चुनाव के लिए समय से वाहन उपलब्ध न कराने वाले वाहन चालकों के खिलाफ परिवहन विभाग सख्त हो गया है। जिले में 950 वाहनों को अधिकृत करने का फैसला लिया गया था, लेकिन अभी काफी वाहन मालिक इस कार्य में सहयोग नहीं दे रहे हैं। नोटिस के बावजूद आनाकानी करने वाले वाहन स्वामियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराने के लिए एआरटीओ ने एसपी को पत्र भेजा है। एआरटीओ का कहना है कि वाहनों का पंजीकरण निरस्त करने के अलावा मुकदमा भी दर्ज किया जाएगा।
चुनाव में मतदान कर्मियों को मतदेय स्थल तक पहुंचने के लिए प्रयोग में आने वाले वाहनों का जिम्मा परिवहन विभाग का होता है। चुनाव आचार संहिता लागू होने के बाद से वाहनों का ब्योरा जुटाने में परिवहन विभाग जुट गया था। सभी वाहनों को सूची बद्ध करने के बाद अब उनके स्वामियों को जिलाधिकारी के माध्यम से अधिग्रहण नोटिस भेजने का काम शुरू हो गया है। इसके लिए थाना पुलिस का सहयोग लिया जा रहा है।
उपसंभागीय परिवहन अधिकारी प्रवर्तन महेश शर्मा ने बताया कि चुनाव में इस बार लगभग छोटे बड़े 950 वाहन लगाए जा रहे हैं। जिनमें छोटे वाहन 650 और 300 बसों के अधिग्रहण आदेश जारी किया गया है। वाहनों के अधिग्रहण के लिए नोटिस सभी थानों पर भेज दिए गए हैं। जहां से स्थानीय पुलिस संबंधित वाहन के स्वामियों को नोटिस देने में जुट गई है। निर्धारित समय के अनुसार सभी वाहन स्वामियों को तय समय और स्थान पर वाहनों को चुनाव कार्य के लिए संबंधित विभाग को हैंडओवर करना होगा। इसमें किसी भी तरह की कोताही नहीं बरती जाएगी। चुनाव कार्य में किसी भी तरह की लापरवाही एवं आयोग के निर्देश का अनुपालन न करने वाले वाहन स्वामियों के विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। इनके पंजीकरण निरस्त कर संबंधित थानों में मुकदमा दर्ज कराने के लिए पत्र जारी कर दिए गए हैं।