हमीरपुर। बांदा जिले की देहात कोतवाली क्षेत्र के लामा गांव में रहने वाले एक युवक का शव करीब दो साल पहले बेतवा नदी में मिला था। परिजनों ने हत्या शक जताते हुए शहर कोतवाली में हत्या की रिपोर्ट दर्ज कराई थी, लेकिन मामले में एफआर लगा दी। इसके बाद में परिजनों ने मामले की शिकायत राष्ट्रीय मनवाधिकार आयोग से की। सोमवार को आयोग की तीन सदस्यीय टीम एसएसपी अनुपम शर्मा
की अगुवाई में दिल्ली से हमीरपुर आई। टीम आठ अप्रैल तक शहर के मौदहा बांध के निरीक्षण गृह में रहकर जांच करेगी।
लामा गांव निवासी देवीचरन ने राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग को भेजी गई शिकायत में कहा था कि उनके पौत्र संजय (22) का शव 27 जुलाई 2020 को हमीरपुर जिले में केसरिया डेरा के पास बेतवा नदी में मिला था। उनका कहना है कि संजय 24 जुलाई को थाना सुमेरपुर के बांकी गांव निवासी फूफा राममनोहर खंगार के घर आया था। वहां से वह बाल कटाने के लिए हमीरपुर जाने की बात कहकर निकल आया था। इसके बाद उसका शव नदी में पाया गया। इस मामले में देवीचरन ने शहर कोतवाली में रामप्रकाश व पूजा नाम की युवती के खिलाफ हत्या की रिपोर्ट दर्ज कराई थी, लेकिन पुलिस ने एफआर लगा दी थी। अब मामले की जांच करने दिल्ली से आई राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग की टीम तत्कालीन कोतवाली प्रभारी श्याम प्रताप पटेल, वरिष्ठ उपनिरीक्षक संजय वर्मा, दरोगा आनंद साहू व अन्य लोगों के बयान दर्ज करेगी।