फोटो 06 एचएएमपी 19- जिला कारागार में बने वॉच टावर। संवाद
हमीरपुर। जिला कारागार कन्नौज की 22 फीट ऊंची दीवार फांदकर भागे दो बंदियों के बाद जेलों की सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल उठने लगे हैं। जिला जेल की भी सुरक्षा व्यवस्था में कई खामियां हैं। यहां पर भी स्टाफ की कमी सुरक्षा व्यवस्था के लिए चुनौती बनी हुई है।
कारागार में कुल चार वॉच टाॅवर बने हैं, लेकिन इनमें से तीन वॉच टावरों पर नियमित सुरक्षाकर्मियों की तैनाती नहीं हो पा रही है। इसके लिए जेल प्रशासन लगातार मांग कर रहा है।
जिला कारागार की सुरक्षा व्यवस्था भी भगवान भरोसे है। यहां भी स्टाफ की कमी सुरक्षा व्यवस्था के लिए चुनौती बनी हुई है। कन्नौज जैसी घटना के बाद वॉच टावरों पर निगरानी न होना जेल सुरक्षा व्यवस्था के लिए एक बड़ी चूक है। यहां बने चार वाॅच टाॅवरों में से एक पर ही तीन सुरक्षा गार्ड की तैनाती है। तीनों वॉच टाॅवरों में दशकों से कोई भी सुरक्षा गार्ड तैनात नहीं है।
जेल अधीक्षक के अनुसार, मौजूद में कुल 570 बंदी निरुद्ध हैं। सुरक्षा और संचालन के लिए 35 लोगों का स्टाफ तैनात है। इनमें 30 पुलिस कर्मी, एक जेलर, तीन डिप्टी जेलर और एक जेल