एक्साइज ड्यूटी और पैन कार्ड की अनिवार्यता के विरोध में सराफा कारोबारियों ने दुकानों की बंदी बढ़ाकर 12 अप्रैल कर दी है। यह निर्णय रविवार को सराफा भवन में मंडल अध्यक्ष शरद चंद अग्रहरि की अध्यक्षता में हुई बैठक में किया गया।
इस दौरान शरद चंद ने कहा कि केंद्र सरकार काला कानून लागू कर अपनी विफलता को छिपाने के लिए व्यापारियों को नजरअंदाज कर रही है। प्रधानमंत्री के पास हमसे मिलने का समय नहीं है। केंद्रीय पदाधिकारी लगातार डेरा डाले हुए हैं ताकि सरकार से वार्ता हो और इस मुद्दे का कोई हल निकले, मगर सरकार ध्यान ही नहीं दे रही। करीब 40 दिन हो गए, दुकानें बंद हुए, मगर हमारी मांगों पर सरकार गंभीर नहीं है।
सरकार के इस रवैये के खिलाफ सराफा कारोबारियों ने दो दिन की बंदी और बढ़ा दी है। पहले दस अप्रैल तक दुकानें बंद रखने का निर्णय लिया गया था, मगर सरकार के ध्यान न देने से अब यह बंदी 14 अप्रैल तक जारी रहेगी। इस बीच यदि वार्ता से कोई हल निकला तो दुकानें खोली जाएंगी।
बैठक में पुष्पदंत जैन, अतुल सराफ, विनीत अग्रवाल, मनोज सराफ, मदन सराफ, राकेश वर्मा, राजेंद्र सिंह, महेश वर्मा, दिनेश, विनीत अग्रवाल, बागीश, गोपाल, प्रमोद शर्मा, छोटेलाल आदि मौजूद थे।