राजघाट पुल से नौसड़ तक अतिक्रमण हटाने पहुंची नगर निगम की टीम को मंगलवार को सख्त विरोध का सामना करना पड़ा। स्थानीय लोगों और दुकानदारों की नगर आयुक्त से नोकझोंक भी हुई। विरोध कर रही एक महिला के बेहोश हो जाने पर टीम को अभियान बीच में छोड़कर लौटना पड़ा।
मंगलवार को नगर आयुक्त प्रेमप्रकाश सिंह के नेतृत्व में दोपहर करीब 12 बजे नौसड़ से वाराणसी और लखनऊ दोनों राजमार्गों के किनारे अतिक्रमण हटाने का काम शुरू हुआ। दुकानदार और स्थानीय लोग इसका विरोध करने लगे। इसी दौरान स्थानीय निवासी व चाय की दुकान चलाने वाली दुर्गावती देवी बेहोश होकर गिर गईं। इसके बाद लोग नाराजगी जताते हुए नगर आयुक्त से बहस करने लगे, जबकि कुछ लोग जाम लगाने के लिए सड़क के बीच में आ गए। वे निगम के खिलाफ नारेबाजी भी करने लगे।
नौसड़ चौकी के पुलिसकर्मियों ने लोगों को समझाकर शांत कराया। इसके बाद अतिक्रमण हटाने गई टीम लौट आई। कार्रवाई के दौरान टीम ने करीब आधा दर्जन झुग्गी-झोपड़ियां हटाईं। अभियान में संयुक्त नगर आयुक्त सुमित कुमार, मुख्य नगर स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. मुकेश रस्तोगी, राजवीर, अनिल कुमार सिंह आदि शामिल रहे।