घघसरा (गोरखपुर)। सहजनवां के तिलौरा स्थित पंडित जवाहर लाल नेहरू इंटर कॉलेज सोमवार को नियमित समय पर खुला और विद्यार्थी पढ़ने आए। पुलिस ने प्रबंधक के नाती और मानदेय लिपिक अंशू के खिलाफ मारपीट की धाराओं में केस दर्ज कर लिया। आरोपी बनाए गए नीरज की तहरीर पर पुलिस ने कार्रवाई की है। वहीं पुलिस की जांच में छेड़खानी की बात साबित नहीं हो सकी। जांच के मुताबिक मारपीट की घटना को छेड़खानी बताकर प्रस्तुत किया गया और फिर कॉलेज के बोर्ड पर नोटिस चस्पा किया गया था। सोमवार को डीआईओएस ज्ञानेंद्र प्रताप सिंह भदौरिया भी कॉलेज पहुंचे थे।
पुलिस ने प्रधानाचार्य की ओर से आई तहरीर में नीरज और वीरेंद्र के खिलाफ केस दर्ज किया था। दोनों को पुलिस ने रविवार को ही गिरफ्तार कर लिया था। दर्ज केस की सजा सात साल से कम होने की वजह से मुचलके पर छोड़ने की तैयारी कर ली गई है। गिरफ्तार नीरज का हाथ टूटने की वजह से पुलिस ने उसकी तहरीर पर अंशू के खिलाफ केस दर्ज कर छानबीन शुरू कर दी है। वहीं सोमवार को कॉलेज के आसपास एहतियातन फोर्स लगाई गई थी।
पुलिस की जांच रिपोर्ट के मुताबिक अंशू की नीरज से मारपीट हुई थी। अंशू स्कूल प्रबंधक का नाती है इस वजह से उस बात को दबाकर छेड़खानी का मामला उजागर कर बोर्ड पर नोटिस चस्पा किया गया था। तहरीर में छेड़खानी का जिक्र न होने की बात भी कही गई जबकि मीडिया को दिए गए प्रार्थना पत्र में अभद्रता शब्द का इस्तेमाल किया गया है।
छात्राएं बोलीं, होती है छेड़खानी
कॉलेज की छात्राओं ने छेड़खानी की बात से इंकार नहीं किया है। उनका कहना है कि कॉलेज गेट के आसपास बाइक सवार घूमते हैं और अभद्र टिप्पणी भी करते हैं। हाईस्कूल की एक छात्रा ने कहा कि बाइक सवारों की हरकत से पढ़ाई प्रभावित होती है। स्कूल आने में भी डर लगता है।
डरे नहीं, तुरंत दें सूचना
डीआईओएस ज्ञानेंद्र सिंह छात्राओं के बीच में पहुंचे और उन्होंने कहा कि यदि किसी के साथ भी कोई अभद्र व्यवहार करता है तो इससे डरने की जरूरत नहीं है। तत्काल इसकी सूचना पुलिस या फिर कॉलेज को दें।