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नगर पालिका के 669 कर्मचारियों का फंसा वेतन, दीपावली पर नहीं मिलेगा बोनस

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28द्दस्रड्डश्च11-गोंडा में नगर पालिका परिषद। संवाद - फोटो : GONDA
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गोंडा। कोरोनाकाल की मार नगर पालिका को भी झेलनी पड़ रही है। कोरोनाकाल में पालिका कर्मियों को चौदहवें वित्त आयोग के बजट से वेतन का भुगतान करना पड़ा था। बाद में राज्यवित्त का बजट मिलने पर कुछ सुधार हुआ। शासन ने मई से सितंबर तक राज्यवित्त के बजट में कटौती कर दी। इस बार भी राज्यवित्त के बजट में तकरीबन 50 फीसदी की कटौती होने की उम्मीद है।
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नगर पालिका के नियमित समेत आउट सोर्सिंग के 669 कर्मियों का वेतन फंसा है। दीपावली का त्योहार करीब है, और वेतन मिलने की उम्मीद नहीं है। मालूम हो कि दीपावली पर पहले कर्मचारियों को बोनस दिया जाता था, लेकिन इस बार नहीं मिलेगा। (संवाद)
फैक्ट फाइल
कुल नियमित कर्मचारी- 329
कुल आउट सोर्सिंग कर्मचारी- 340
सामान्य कर्मचारी नियमित- 152
सफाई कर्मी नियमित- 177
सामान्य कर्मचारी आउट सोर्सिंग - 52
सफाईकर्मी आउट सोर्सिंग - 288
कोरोना के साथ विकास का पहिया थमा
नगर पालिका परिषद ने शहर को विकास की ऊंचाई तक पहुंचाने का जो सपना बुुना था। वह पिछले साल कोरोना काल में थम गया था। कोरोना की रफ्तार कम होने पर उम्मीद जगी थी कि शहर के गली-मोहल्लों में विकास कराया जाएगा। विकास की बात कौन करें, अब तो कर्मचारियों के वेतन की व्यवस्था करना नगर पालिका के लिए परेशानी बन गया है। नगर पालिका को बजट नहीं मिल रहा। इसलिए विकास का पहिया भी थम गया है।
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राज्यवित्त से मिलने वाली धनराशि से नियमित व आउट सोर्सिंग के कर्मचारियों को वेतन दिया जाता है। पिछले पांच माह से राज्यवित्त से मिलने वाली धनराशि में शासन से कटौती की जा रही है। सितंबर में तकरीबन 25 प्रतिशत की कटौती की गई है। कर्मचारियों को वेतन देने की दिक्कत हो गई है। अक्तूबर की धनराशि आवंटित नहीं हुई है। कर्मचारियों के अन्य मद से वेतन देने पर मंथन किया जा रहा है, लेकिन बोनस नहीं मिल पाएगा। संजय कुुमार मिश्रा, अधिशासी अधिकारी नगर पालिका गोंडा
- राज्यवित्त से मिलने वाली धनराशि में कोरोनाकाल से ही कटौती शुरू कर दी गई थी। कोरोनाकाल में तो माह मई व नवंबर में धनराशि नहीं मिली। कर्मचारियों को चौदहवें वित्त आयोग से वेतन का भुगतान करना पड़ा था। वर्ष 2021-2022 के माह मई से लेकर सितंबर तक राज्यवित्त के धनराशि में कटौती होती रही है। वेतन देने में परेशानी हो रही है। अक्तूबर की धनराशि आने पर ही वेतन पर निर्णय लिया जाएगा। उज्मा राशिद, अध्यक्ष, नगर पालिका परिषद गोंडा
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