गोंडा। बाढ़ प्रभावित गांवों के लोगों को अब प्रशासन केरोसिन उपलब्ध कराएगा। लंबे समय बाद केरोसिन का आवंटन जिले को मिला है, इसमें सिर्फ बाढ़ प्रभावितों को ही देने की व्यवस्था है।
मिट्टी के तेल का आवंटन जिले में बंद है, आपात स्थिति में इसका आवंटन हुआ है। बाढ़ प्रभावितों के लिए 36 हजार लीटर केरोसिन मिला है। इसका आवंटन के कोटे की दुकानों के माध्यम से होगा और लोगों को सब्सिडी नही मिलेगी। प्रशासन जल्द ही मूल्य तय करेगा। जिसके आधार पर वितरण होगा।
जिले में सरयू नदी से करनैलगंज व तरबगंज तहसील के कई गांव बाढ़ से प्रभावित हैं। बिसुही नदी के उल्टे प्रवाह से 50 से अधिक गांवों में बाढ़ की स्थिति बन गई है। प्रशासन इन गांवों के प्रभावितों की सूची तैयार करने में जुटा है। शासन ने जिले को ऐसे गांवों के प्रभावितों को केरोसिन देने की योजना बनाई है और आवंटन किया है।
जिला पूर्ति अधिकारी सुरेंद्र कुमार यादव कहते हैं कि केरोसिन का आवंटन हुआ है। बाढ़ प्रभावितों को वितरण करना है लेकिन केरोसिन पर सब्सिडी नहीं दी जानी है। वितरण कराए जाने की कार्रवाई की जा रही है।
जिले के 1700 से अधिक कोटे की दुकानों पर अन्न महोत्सव के आयोजन की रणनीति तैयार हुई है। 5 अगस्त को दुकानों पर कार्ड धारकों को राशन वितरण कराने के साथ ही उन्हें योजना के बारे में जानकारी दी जाएगी। इसके साथ ही उसी दिन प्रधानमंत्री का संबोधन होगा और लाइव उसे लोगों को दिखाया जाएगा। इस दौरान वह कार्ड धारकों से बात भी कर सकते हैं। इसकी तैयारी आपूर्ति विभाग ने शुरू कर दिया है।