अखिल भारतीय खेतिहर ग्रामीण मजदूर संघ की ओर से विभिन्न मुद्दों को लेकर रामलीला मैदान में दिया जा रहा धरना मंगलवार को 43वें दिन भी जारी रहा। कार्यकर्ताओं ने मंगलवार को पांडेय मोड़ तक मार्च निकाल कर तहसील के सामने सड़क जाम कर अपनी मांगें गिनाई।
संगठन के राज्य स्थायी समिति के सदस्य रामप्यारे राम ने कहा कि खाद्य सुरक्षा योजना गरीबों की थाली में भोजन का अधिकार देने के लिए बना है लेकिन गरीब सूची में नहीं हैं। कहा कि दो सितंबर की मजदूर हड़ताल के बाद सरकार ने मनरेगा को गाजे-बाजे के साथ लागू करने की बात की थी लेकिन आम बजट में मनरेगा का धन कम करके 166 करोड़ कर दिया। 150 दिन काम देने की बात की थी लेकिन काम मांगने पर भी जॉब कार्ड धारकों को काम नहीं मिल रहा है, बेरोजगारी भत्ता की बात तो दूर है।
कहा कि प्रदेश की सरकार मजदूरों को काम नहीं दे रही है। मनरेगा के तहत वर्ष में 200 दिन काम देने और 500 रुपए रोजाना दाम देने की मांग उठाई। धरना स्थल पर पहुंचे एसडीएम और बीडीओ ने ज्ञापन लेकर कार्यवाही का आश्वासन दिया। इस अवसर पर विजयी, बुच्चीलाल, रामप्रवेश, जगबली राजभर, रामअवध बिंद, रामनगीना पासी, सदानंद मौर्य, गोरख राजभर, चंद्रवती, लालजी बनवासी, अमरजीत मौर्य ने विचार व्यक्त किया। अध्यक्षता जमुना बनवासी और संचालन राजेश बिंद ने किया।