फिरोजाबाद। जसराना ब्लाक की ग्राम पंचायत खेरिया अहमद में निरीक्षण के दौरान डीपीआरओ नीरज कुमार सिन्हा ने तमाम खामियां पकड़ीं। मुख्यमंत्री ग्राम पंचायत प्रोत्साहन पुरस्कार योजना के तहत स्वच्छ पेयजल के लिए ग्राम पंचायत को दी गई आठ लाख रुपये की धनराशि के बाद भी ग्रामीणों को शुद्ध पानी नहीं मिला। मौके पर आरओ सिस्टम नहीं मिला। टीटीएसपी भी बंद मिली।
बृहस्पतिवार को गांव पहुंचे डीपीआरओ ने माना कि पूरे गांव पानी की समस्या विकराल है। उनका कहना है कि प्रधान करतार सिंह संतोषजनक जवाब नहीं दे सके। गांव में शौचालय के निर्माण में काली मिट्टी और यमुना बालू का प्रयोग होते मिला। गांव लाखों की लागत से बने विकलांग और पंचायत भवन में जलभराव था। डीपीआरओ का कहना है कि ग्राम पंचायत में मिली खामियों पर प्रधान और पंचायत सचिव को कठोर चेतावनी के साथ चार वर्षों में ग्राम पंचायत को विकास कार्यों के लिए मिली धनराशि का हिसाब मांगा है। आरओ सिस्टम लगाने को मिले आठ लाख रुपये के दुरुपयोग की आशंका है।