फिरोजाबाद। विकास प्राधिकरण (विप्रा) ने राजा का ताल के पास ट्रांसपोर्ट नगर में जमीन के दाम 45 हजार से घटाकर 28 हजार रुपये प्रति वर्ग मीटर कर दिए हैं। साथ ही एक अक्तूबर से पंजीकरण प्रक्रिया भी शुरू कर दी है, लेकिन अभी तक एक भी पंजीकरण नहीं हुआ है। उधर, ट्रांसपोर्टर जमीन को अभी भी महंगा बता रहे हैं। वे इस कीमत पर भूमि खरीदने को तैयार नहीं हैं।
ट्रांसपोर्टर बोले- नोएडा से भी महंगी है यहां टीपी नगर में जमीन
नोएडा जैसी सिटी में ट्रांसपोर्ट नगर में जमीन के दाम 17 से 18 हजार रुपये वर्ग मीटर हैं। फिर यहां तो जमीन और सस्ती होनी चाहिए। 28 हजार रुपये वर्ग मीटर के हिसाब से जमीन के दाम काफी अधिक है। ट्रांसपोर्टरों की माली हालत को देखते हुए जमीन के दाम करीब 15 से 16 हजार रुपये वर्ग मीटर होने चाहिए। तब कहीं जाकर ट्रांसपोर्टर जमीन लेने के लिए विचार कर सकते हैं। -राज नारायण मुन्ना ट्रांसपोर्टर
इतनी महंगी जमीन फिरोजाबाद का ट्रांसपोर्टर नहीं ले सकता। वर्तमान में कारोबार भी ठप है। यदि ट्रांसपोर्ट नगर बनाना है तो सरकार को मदद करनी चाहिए। इसके लिए जनप्रतिनिधियों को आगे आना चाहिए।
सुशील यादव, अध्यक्ष फिरोजाबाद मोटर्स ट्रांसपोर्ट यूनियन
जमीन के दाम 28 हजार वर्ग मीटर करने के साथ ही एक अक्तूबर से रजिस्ट्रेशन प्रक्रिया को शुरू कर दिया गया है, लेकिन अभी तक किसी ने पंजीकरण नहीं कराया है। ट्रांसपोर्ट नगर स्थापित होने के साथ ही सर्विस रोड और हाईवे पर खड़े होने वाले वाहनों को रोकने में मदद मिलेगी।
-कप्तान सिंह, एक्सईएन विकास प्राधिकरण
400 ट्रांसपोर्ट कंपनियां हैं जिले में
सुहागनगरी में लगभग चार सौ ट्रांसपोर्ट कंपनियां हैं। इन कंपनियों से जुडे़ वाहनों की संख्या लगभग एक हजार है। फिरोजाबाद से कांच के आयटम और चूड़ियां पूरे देश में ट्रांसपोर्ट के माध्यम से जाती हैं। ट्रांसपोर्ट कंपनियां हाईवे किनारे, सर्विस रोड और अन्य बाजारों में हैं। इससे सामान रखने और उतारने के लिए कंपनियों के वाहन सड़क किनारे खडे़ रहते हैं। अधिकतर वाहन ओवरब्रिज के नीचे, सर्विस रोड पर, औद्योगिक क्षेत्र में, हनुमान रोड, शीतल खां रोड, जाटवपुरी, स्टेशन रोड, जलेसर रोड पर खडे़ नजर आते हैं। इससे जाम भी लग जाता है। सड़क किनारे खडे़ वाहन रास्ता संकरा कर देते हैं।