टूंडला। ट्रेन संचालन सुधरने की बजाए फिर लड़खड़ा गया। शुक्रवार को अपने निर्धारित समय से चलने वाली ट्रेनें सात घंटे तक देरी से चलीं। वहीं रेल प्रशासन ने अप और डाउन की सात ट्रेनों को निरस्त कर दिया। साथ ही अप और डाउन की सात ट्रेनों का रुट डायवर्ट कर दिया। इसके चलते रेलयात्री खासे परेशान रहे।
बृहस्पतिवार को ट्रेनों की लेटलतीफी में कुछ सुधार आया था। शुक्रवार को हालत फिर जस के तस हो गए। शुक्रवार को ट्रेनें सात घंटे देरी से चलीं। सात ट्रेनों को पंड़ित दीनदयाल जंक्शन से गाजियाबाद जंक्शन के मध्य रद्द करते हुए रूट डायवर्ट से चलाया। वहीं सात ही ट्रेनों को रद्द कर दिया गया।
रेल प्रशासन द्वारा निरस्त की गई ट्रेनें
रेल प्रशासन ने अप की आनंद बिहार गरीबरथ एक्सप्रेस, पारसनाथ एक्सप्रेस, मूूरी एक्सप्रेस, कालिंदी एक्सप्रेस प्रयागराज से कानपुर सेंट्रल तक, लिच्छवी एक्सप्रेस व डाउन की कालिंदी एक्सप्रेस कानपुर सेंट्रल से प्रयागराज तक, लिच्छवी एक्सप्रेस को निरस्त कर दिया गया।
डायवर्ट कर चलाई गईं ट्रेनें
महानंदा एक्सप्रेस, सीमांचल एक्सप्रेस, नॉर्थ ईस्ट एक्सप्रेस व डाउन की नॉर्थ ईस्ट एक्सप्रेस, जोगबनी एक्सप्रेस, महानंदा एक्सप्रेस को पंड़ित दीनदयाल जंक्शन से गाजियाबाद जंक्शन के मध्य डायवर्ट कर दिया गया।
देरी से चलने वाली अप और डाउन की ट्रेनें
पूर्वा एक्सप्रेस डेढ़ घंटे, अवध एक्सप्रेस तीन घंटे, गोमती एक्सप्रेस डेढ़ घंटे, नंदन कानन एक्सप्रेस साढे़ चार घंटे, नेताजी एक्सप्रेस सात घंटे, बांद्र टर्मिनस फेयर स्पेशल डेढ़ घंटे, बह्मपुत्र मेल पांच घंटे, फरक्का एक्सप्रेस चार घंटे वहीं डाउन की हावड़ा सुपरफास्ट एक्सप्रेस डेढ़ घंटे, ओखा-बनारस सुपरफास्ट एक्सप्रेस तीन घंटे देरी से टूंडला पहुंचीं।