फिरोजाबाद। नगर निगम ने वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए राजस्व वसूली के लक्ष्य को हासिल करने के लिए अभी से कमर कस ली है। शासन द्वारा दिए गए 70 करोड़ रुपये के भारी-भरकम लक्ष्य को पूरा करने के लिए निगम प्रशासन ने शहर के 108 बड़े बकायेदारों को रडार पर लिया है। इन व्यावसायिक और रिहायशी भवनों पर कुल 6.07 करोड़ रुपये से अधिक का कर बकाया है।
नगर आयुक्त के निर्देश पर कर विभाग ने ऐसे 108 बकायेदारों की सूची तैयार की है, जिन पर एक लाख रुपये से अधिक का भवन एवं जलकर बकाया है। चौंकाने वाली बात यह है कि सूची में शामिल कई भवन स्वामियों ने वर्षों से कर जमा नहीं किया है, जिससे उन पर बकाया राशि 10 लाख रुपये तक पहुंच गई है। निगम सूत्रों के अनुसार, इन चिह्नित संपत्तियों में बड़े व्यावसायिक कॉम्प्लेक्स और आलीशान रिहायशी भवन शामिल हैं।
नगर निगम के कर विभाग ने सभी बड़े बकायेदारों को नोटिस जारी करना शुरू कर दिया है। विभाग की योजना है कि शुरुआती दौर में नोटिस के जरिए वसूली की जाए, लेकिन यदि निर्धारित समय सीमा के भीतर बकाया जमा नहीं किया गया, तो निगम कुर्की और बैंक खाते सीज करने जैसी सख्त कार्रवाई से भी पीछे नहीं हटेगा।
100 से अधिक व्यावसायिक और रिहायशी भवनों पर लगभग 6.07 करोड़ रुपये का कर बकाया है। सभी को नोटिस भेजे जा रहे हैं। यदि समय पर भुगतान नहीं किया गया, तो नियमों के तहत सख्ती बरती जाएगी।
नीरज कुमार पटेल, कर निर्धारण अधिकारी