फर्रुखाबाद। बरसात ने आलू और मटर की फसल में झुलसा रोग आशंका बढ़ा दी है। वहीं, यह बारिश गेहूं की फसल के लिए फायदेमंद है। खेतों में पानी भरने से पलेवा में रुपये खर्च नहीं करने पड़ेंगे।
मंगलवार को दोपहर एक बजे के बाद तेज हवाआें के साथ ही पानी बरसने लगा। दोपहर बाद 3 बजे तक झमाझम बरसात हुई। खेतों में पानी भरने से पिछैती आलू की फसल के सड़ने की आशंकाएं बन गई हैं। धूप न निकलने पर धुंध की स्थिति में आलू में झुलसा रोग लग सकता है।
इसके साथ ही फफूंदी लगने की भी आशंकाएं हैं। सरसों की फसल में भी इस बरसात से नुकसान होगा। सरसों की पत्तियों में झुलसा रोग लग सकता है। मटर की फसल के लिए भी पानी नुकसानदेह है। बरसात से मटर की पत्तियों धब्बे आने से यह खराब हो जाएंगी। इससे उत्पादन प्रभावित होगा। वहीं, गेहूं की पलेवा के लिए यह बारिश संजीवनी का काम करेगी।
इलाकाई किसान लज्जाराम, देवी दयाल, राधारमण, भुवनेश्वर का कहना है कि बरसात से आलू की खुदाई पर भी असर पड़ेगा। कृषि विशेषज्ञ अतर सिंह यादव का कहना है कि इस समय की बरसात आलू, सरसाें व मटर की फसल के लिए नुकसानदेह है। गोभी की फसल पर भी संकट है।