फर्रुखाबाद। रंजिश में बुआ के बेटे ने शराब पिलाकर रामदास की हंसिया से गला रेतकर हत्या कर दी थी। पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर जेल भेजा है। कायमगंज कोतवाली क्षेत्र के गांव रायपुर निवासी रामदास उर्फ पप्पू की रविवार रात गला रेतकर हत्या कर दी गई थी। शव सोमवार सुबह मंसूरनगर के पास चकरोड पर पड़ा मिला था। पत्नी रितु ने अज्ञात के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज कराया था।
पुलिस ने छानबीन के बाद रामदास की गांव निवासी बुआ के बेटे वीरे को पकड़ लिया। पूछताछ में वीरे ने बताया कि रामदास ने बहन मीरा को जमीन बेची थी। दाखिल खारिज नहीं हो पाया था। रामदास ने इसी जमीन को वीरे व उसके भाई धीरे को बेच दी थी।
जानकारी होने पर बहन मीरा सिंह ने रामदास, वीरे व उसकी पत्नी मार्गश्री पर नवंबर 2017 को मुकदमा दर्ज कराया था। पुलिस ने रामदास, वीरे व उसकी पत्नी मार्गश्री को जेल भेजा था, तभी से वीरे रामदास को ठिकाने लगाने की योजना बना रहा था।
वीरे ने रविवार को रामदास को शराब पिलाने के लिए बुलाया। नशा होने पर हंसिया से रामदास की गला रेतकर हत्या कर दी। एएसपी अजय प्रताप व सीओ कायमगंज सोहराब आलम ने पुलिस लाइन के सभागार में मामले की जानकारी दी। एएसपी ने खुलासा करने वाली टीम को इनाम दिलाने की संस्तुति की। पुलिस ने आरोपी को कोर्ट में पेश करने के बाद जेल भेज दिया।
चप्पल की मदद से आरोपी तक पहुंची पुलिस
रामदास की हत्या के बाद से पुलिस करीबियों पर शक जता रही थी। जांच में पुलिस को धोखाधड़ी के मामले में रामदास के जेल जाने का पता चला। पुलिस ने जब रामदास पर दर्ज मुकदमे को पलटा तो तो वीरे और उसकी पत्नी मार्गश्री का नाम सामने आया। यहीं से पुलिस वीरे पर नजर रखने लगी।
रामदास के सिर के नीचे खून से सनी मिली चप्पल के बारे में पुलिस ने जब ग्रामीणों से जानकारी की तो पता चला कि ऐसी चप्पल वीरे पहनता था। हिरासत में लेकर जब पुलिस ने वीरे के पैर से चप्पल की नाप कराई तो पूरी फीट बैठी। इसके बाद सख्ती से पूछताछ करने पर वीरे ने सब कुछ उगल दिया।