मेला रामनगरिया में साधना में लीन त्यागी बाबा बजरंग दास। संवाद
- फोटो : FARRUKHABAD
फर्रुखाबाद। कई दिन बाद सूर्यदेव ने दर्शन दिए तो मेले में रौनक दिखी। साधु-संत कुटिया से बाहर निकलकर धूप में भजन-कीर्तन करते रहे। आदर्श क्षेत्र से कलश यात्रा निकाली गई। दुकानों पर खरीदारों की भीड़ दिखी। दिन भर गंगा भक्त स्नान कर दान करके पुण्य फल कमाते रहे। हालांकि शाम होते ही शीतलहर शुरू हुई तो राउटियों में दुबक गए।
गुरुवार को सूर्यदेव के दर्शन होने से कल्पवासी और साधु-संत अपनी कुटिया और राउटी के बाहर भजन-कीर्तन में मस्त दिखे। कथा पंडालों में भी श्रोताओं की संख्या बढ़ गई। हनुमान मंदिर भोलेपुर के बाबा बालक दास के आश्रम में त्यागी बाबा बजरंग दास कुटिया के बाहर धूप में पद्मासन पर बैठकर जटाएं खोलकर तपस्या करते रहे।
आदर्श क्षेत्र के स्वामी सत्यस्वरूप महाराज की देखरेख में कलश यात्रा से श्रीमद्भागवत कथा का शुभारंभ हो गया। सिर पर कलश रखकर बैंडबाजों की ध्वनि पर महिलाएं भक्ति में लीन दिखीं। गंगा तट पर भागीरथी का पूजन किया गया। श्रीमद्भागवत कथा में नारद भक्ति संवाद की कथा सुनाई गई।
श्रीपंच दसनाम जूना अखाड़ा के अध्यक्ष सत्यगिरी महाराज के क्षेत्र में धूप में बैठे संत भजन-कीर्तन करते रहे। साधु संतों को भंडारा खिलाया गया। बच्चा स्वामी शिवस्वरूप महाराज नर्मदेश्वर महादेव की पूजा अर्चना कर रहे हैं। भक्तों को शिव की महिमा सुनाई गई। मेला क्षेत्र में लगी दुकानों पर भी रौनक दिखाई दी। इससे दुकानदारों के चेहरे पर खुशी दिखी।
मेला सचिव ने देखीं व्यवस्थाएं
मेला सचिव दिपाली भार्गव ने मेला क्षेत्र में साफ-सफाई, बिजली व पानी की व्यवस्था देखी। संतों ने खराब हैंडपंप सही न करने की शिकायत की। मेला सचिव ने मेला कोतवाली प्रभारी को निर्देश दिए कि पुरानी घटिया से अतिक्रमण हटवाएं।
मेला रामनगरिया में पंचदशनाम जूना अखाड़ा में भजन कीर्तन करते साधु संत। संवाद- फोटो : FARRUKHABAD