इटावा। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी अब पोस्टकार्ड के जरिए छात्र-छात्राओं से सीधा संवाद कर रहे हैं। डाक विभाग को पोस्टकार्ड मुहैया कराने और उन्हें स्कूलों से एकत्र कर पीएमओ तक भिजवाने की जिम्मेदारी सौंपी गई है।
खास बात यह है कि किशोर से लेकर युवा वर्ष 2047 तक देश के बारे में अपना विजन भी बता सकेंगे। पोस्टकार्ड लेखना प्रतियोगिता को माई विजन फार इंडिया इन 2047 दिया गया है।
आने वाले समय में लागू होने वाली नीतियों में युवाओं और छात्रों के विचार का प्रभाव देखने को मिल सकता है। इटावा जिले से पीएम को 30 हजार पोस्टकार्ड भेजे जाएंगे।
डाक विभाग को प्रतियोगिता की जिम्मेदारी सौंपी गई है। कार्ड लेखन में कक्षा चार से लेकर 12 तक के छात्र-छात्राएं भाग लेंगे। इसमें दो विकल्प दिए गए हैं।
अनसंग हीरोज आफ फ्रीडम स्ट्रगल अथवा माई विजन फार इंडिया 2047 दो में से किसी एक विषय पर पोस्टकार्ड में अपना विचार लिखेंगे। उनके यह विचार पीएम मोदी को भेजे जाएंगे।
डाक विभाग सीबीएसई के सभी स्कूलों में 500 से 700 तक पोस्टकार्ड भिजवा रहा है। इन पोस्टकार्ड को स्कूल स्तर पर बच्चों को वितरित कर प्रतियोगिता कराई जाएगी। प्रतियोगिता 20 दिसंबर तक कभी भी कराई जा सकती है।
डाक अधीक्षक टीपी सिंह ने बताया कि अभियान का उद्देश्य बच्चों को आजादी के इतिहास की जानकारी देना और उनके विजन को समझना है। इसके लिए परिवाद निरीक्षक आशुतोष त्रिवेदी को विद्यालयों तक पोस्टकार्ड भेजने के अभियान की जिम्मेदारी सौंपी गई है।
सीबीएसई माध्यम के सभी विद्यालयों में पोस्टकार्ड भिजवाए गए हैं।